वीरवार सुबह फतेहाबाद बस स्टैंड परिसर में कुछ युवकों द्वारा पहले निजी बस के परिचालक को पीटने और उसके बाद पुलिस एवं सीआरपीएफ कर्मचारियों द्वारा हमलावर युवकों को डंडों से पीट-पीटकर खदेडने का मामला सामने आया है।
एकाएक हुए इस घटनाक्रम से बस स्टैंड परिसर के अंदर हड़कंप मच गया। पुलिस ने इस मामले में दो युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। समाचार लिखे जाने तक पुलिस ने कोई मामला दर्ज नहीं किया था।
दरअसल, मामला निजी बस चालक द्वारा गांव जांडलीकलां में बस नहीं रोकने को लेकर उपजे विवाद का है। युवकों के हमले में घायल परिचालक हरजीत ने बताया कि वो टोहाना से वाया भूना फतेहाबाद तक निजी बस लेकर आते हैं। वीरवार सुबह उसकी बस ओवरलोड थी। इसी वजह से उसने जांडली में बस नहीं रोकी।
इस दौरान कुछ युवक वहां खड़े थे। हरजीत ने आरोप लगाया कि बस के फतेहाबाद बस स्टैंड परिसर में पहुंचते ही जांडली के वो युवक भी आ धमके और बस ना रोकने के लिए उस पर हमला शुरू कर दिया। हरजीत ने ये भी आरोप लगाया कि युवकों ने पहले उसके साथ धक्कामुक्की की और बाद में उस पर लाठियों से हमला कर दिया। उसकी चीख पुकार और शोरशराबा सुनकर बस स्टैंड परिसर के बाहर ही स्थित पुलिस चौकी पर तैनात पुलिसकर्मी और सीआरपीएफ के जवान मौके पर पहुंचे और उन्होंने परिचालक को बचाया। इस बीच भी कुछ युवकों ने परिचालक पर हमले का प्रयास किया तो पुलिसकर्मियों और सीआरपीएफ के जवानों ने भी डंडों का प्रयोग करते उक्त युवकों को बस स्टैंड परिसर से खदेड़ दिया।
इस बीच किसी ने पुलिसकर्मियों और सीआरपीएफ के जवानों द्वारा युवकों की पिटाई का वीडियो शूट कर लिया। वीडियो के सामने आने के बाद पुलिसकर्मी इस मामले में बिल्कुल चुप्पी साध गए हैं और इस मुद्दे पर कुछ भी बोलने से बचते फिर रहे हैं। नाम ना छापने की शर्त पर एक पुलिसकर्मी ने बताया कि परिचालक को बचाने के लिए थोड़ा सा बल प्रयोग जरूरी था और वही उन लोगों ने किया। बताया गया है कि पुलिस ने जांडली के दो युवकों को हिरासत में ले लिया है। हरजीत की ओर बयान दिए जाने के बाद पुलिस अब आगे की कार्यवाही करेगी।