अखंड पाठ साहिब की भेंटा राशि को लेकर बैठक करते हुए हरियाणा गुरुद्वारा कमेटी के सदस्य व सिख संगठ
रतिया। अनाज मंडी में मंगलवार शाम को ग्रंथी सभा और हरियाणा गुरुद्वारा कमेटी के सदस्यों की बैठक आयोजित की गई जिसमें अखंड पाठ साहिब की भेंटा राशि पर सिख संगत में बनी उलझन और चिंता पर चर्चा की गई। इसमें सहमति बनी कि अखंड पाठ साहिब की भेंटा 9500 रुपये व हेड ग्रंथी को 500 रुपये अलग से देने का निर्णय लिया गया।
पिछले दिनों ग्रंथि सभा द्वारा भेंटा राशि में किए गए बदलाव के बाद विभिन्न गांवों की गुरुद्वारा कमेटियों द्वारा अलग-अलग राशि लागू कर दी गई थी। कहीं कम तो कहीं अधिक राशि तय किए जाने से सिख समाज में भ्रम और असमंजस की स्थिति बनी हुई थी जो समुदाय में चिंता का विषय बन गई थी। इस मुद्दे के समाधान के उद्देश्य से गुरचरण सिंह चन्ना और सतनाम सिंह लांबा की पहल पर दूसरी बार बैठक आयोजित की गई।
गुरचरण सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों को साथ बैठाकर सर्वसम्मति से समाधान निकाला गया। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि अखंड पाठ साहिब की भेंटा राशि 9500 रुपये निर्धारित तथा मुख्य ग्रंथी को जिम्मेदारी के तौर पर 500 रुपये अलग से दिए जाएंगे। इसके अलावा सहज पाठ की भेंटा राशि 6500 रुपये तथा सुखमणि साहिब की भेंटा राशि 1500 रुपये तय की गई।
इस दौरान ग्रंथियों के जीवन, उनकी सेवा से जुड़े पहलुओं तथा सिख संगत के विभिन्न मुद्दों पर भी विचार-विमर्श किया गया। बैठक के अंत में संगत और ग्रंथी सिंहों से अपील की गई कि तय की गई भेंटा राशि को भावना और सहजता के साथ लागू किया जाए ताकि धार्मिक भावनाओं को ठेस न पहुंचे और भविष्य में किसी प्रकार का विवाद उत्पन्न न हो।
इसके साथ ही यह भी तय किया गया कि अगले वर्ष की भेंटा राशि को लेकर बैसाखी के अवसर पर पुनः विचार-विमर्श किया जाएगा। बैठक में हरियाणा गुरुद्वारा कमेटी के सदस्य इकबाल सिंह खोखर, काका सिंह लधुवास, करमजीत सिंह सलमाखेड़ा, गुरमेल सिंह सहनाल तथा बाबा दीप सिंह ग्रंथि सभा के प्रधान हाकम सिंह, परमिंदर सिंह बीगड़, मान सिंह अहरवां, राजेंद्र चहल, तेजिंदर सिंह औझला, अमरीक सिंह सहित अन्य ग्रंथी सिंह उपस्थित रहे।