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पुराने रंग में दिखे विज, एफएसओ को किया निलंबित, डीएसपी को हड़काया

Sat, 25 Jun 2016 12:44 AM IST
फतेहादबाद ब्यूरो/ अमर उजाला
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स्वास्थ्य मंत्री ने कई अफसरों की ली क्लास - फोटो : amar ujala
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दो महीने बाद कष्ट निवारण समिति की बैठक की अध्यक्षता करने फतेहाबाद पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज शुक्रवार को अपने पुराने रंग में दिखे। बैठक के दौरान मंत्री अनिल विज ने ड्यूटी में लापरवाही बरतने के आरोप में स्वास्थ्य विभाग के फूड इंस्पेक्टर शाम लाल को सस्पेंड कर दिया तो पुलिस से संबंधित दो मामलों में शिकायतकर्ता पर दबाव बनाकर समझौता करने के आरोप में डीएसपी गुरदयाल को भी हड़काया और उनको कार्यवाही की चेतावनी दी। पूरी बैठक में अफसरों की क्लास लेने वाले स्वास्थ्य मंत्री ने शिकायत करने के बाद आरोपी से साठगांठ करने वाले शिकायतकर्ता के खिलाफ भी मामला दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए।

सैंपल फेल होने के बाद कार्रवाई न करने पर फूड इंस्पेक्टर को किया सस्पेंड
कष्ट निवारण समिति के सामने युवा जागृति मंच ने शिकायत दी थी कि फतेहाबाद में रमेश असीजा की दूध की डेयरी है। आरोप है कि वो दूध में से क्रीम निकाल लेता है और उसमें यूरिया मिलकर लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ कर रहा है। इस पर सीएमओ अशोक चौधरी ने बताया कि विभाग की ओर से फूड इंस्पेक्टर ने सैंपल लिए थे और वो सैंपल फेल आए हैं।
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कार्यवाही बारे पूछे जाने पर सीएमओ ने कहा कि फूड सेफ्टी अधिकारी ने दो माह पहले ही ज्वाइन किया है। इस पर अनिल विज ने कहा कि दो महीने में कार्यवाही क्यों नहीं हुई। सीएमओ ने इस पर जवाब दिया कि एफएसओ पिछले काम निपटा रहे थे इस पर स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज भड़क गए। उन्होंने मौके पर ही एफएसओ को सस्पेंड करने के आदेश जारी कर दिए। हालांकि एफएसओ खुद उस वक्त मौके पर मौजूद नहीं थे। सिविल सर्जन डॉ. अशोक चौधरी ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज के आदेशानुसार एफएसओ शाम लाल के खिलाफ कार्यवाही के लिए एफबीए कमिश्नर को लिख दिया गया है।

किराएदार के घर में मकान मालिक के जबरदस्ती घुसने के मामले को फाइल करने पर डीएसपी को पड़ी झाड़
फतेहाबाद के सुंदरनगर निवासी जगबीर सिंह ने शिकायत दी थी कि उसके मकान मालिक चंद्रप्रकाश अपने दर्जन भर साथियों के साथ 24 मई को जबरदस्ती उसके घर में घुस आया और मकान को खाली करवाने के लिए मारपीट की। इस पर डीएसपी गुरदयाल सिंह ने बताया कि शिकायतकर्ता ने आरोपी के साथ समझौता कर लिया है। डीएसपी की इस बात पर मंत्री फिर भड़क उठे और उन्होंने कहा कि ऐसे कैसे समझौता हो गया, जब वो लोग शिकायतकर्ता के घर में घुसे हैं तो समझौता क्यों? पुलिस ने कार्यवाही क्यों नहीं की? मंत्री ने इस मामले में घर में जबरदस्ती घुसने वाले सभी आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए। विज की इस कार्यवाही पर शिकायतकर्ता की आंखें भर आई और वह रोने लगा, उसे मंत्री विज ने चुप कराया। इसी तरह एक अन्य मामले में कुलां निवासी मुख्तयार सिंह ने शिकायत दी थी कि उसका बेटा निर्मल उसके साथ मारपीट करता है और उसके प्लॉट पर भी आधे हिस्से पर कब्जा किए है। इस पर भी डीएसपी गुरदयाल सिंह ने समझौते की बात कही, लेकिन शिकायतकर्ता कहता रहा कि उसका बेटा उसे मारने की धमकी देता रहता है। इस पर भी डीएसपी गुरदयाल को कहा कि डीएसपी साहब, आप पर कार्रवाई करनी पड़ेगी। अगली बार फर्जी समझौते की फाइलें मेरे सामने मत रख देना।

शिकायतकर्ता के खिलाफ ही एफआईआर दर्ज करने के दिए निर्देश
 स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने कष्ट निवारण समिति में झूठी शिकायत देने और दोषी के पक्ष में शपथ पत्र देने पर चिंदड़ निवासी राजेंद्र पर मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए है। कष्ट निवारण समिति की बैठक में राजेंद्र निवासी चिंदड़ ने शिकायत दी थी कि फतेहाबाद के वेद प्रकाश जैन फर्म से उसने कीटनाशक खरीदी जो एक्सपाइरी डेट थी। कृषि विभाग की जांच में भी यह कीटनाशक एक्सपायरी डेट पाया गया, परंतु शिकायतकर्ता ने शपथ पत्र देकर समझौता कर लिया। इस पर कार्यवाही करते हुए शिकायतकर्ता के खिलाफ ही गलत और झूठा शपथ पत्र देने पर मुकदमा दर्ज करने के आदेश दे दिए। हालांकि कृषि विभाग द्वारा विक्रेता का लाइसेंस 35 दिन के लिए रद्द करने पर उनके खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं की।
     

   इसके अलावा जाखल मंडी निवासी मुकेश कुमार मौर्य की शिकायत पर कार्रवाई करते हुए स्वास्थ्य मंत्री विज ने मार्केटिंग बोर्ड द्वारा बरसाती पानी निकासी कार्य में देरी और रेलवे से अनाधि प्रमाण पत्र लेने में लेट-लतीफी करने वाले अधिकारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई करने के आदेश दिए। एक अन्य मामले में मार्केट कमेटी सचिव फतेहाबाद को अनाधिकृत रूप से अनाज रखने वाले व्यक्ति राजेंद्र कुमार के रिकॉर्ड की पूर्ण जांच करने और उसके खिलाफ मार्केट कमेटी अधिनियम के तहत कार्रवाई करने के भी आदेश दिए।



न मैंने सैंपल लिया न ही मेरे पास कागज आए:
सैंपलिंग को लेकर ग्रीनवेंस कमेटी की बैठक में जो शिकायत आई थी वह मेरे ज्वाइन करने से पहले का मामला है। इस मामले में मैंने कोई सैंपल नहीं लिया। दूसरे डॉक्टर ने सैंपल लिया था। इस मामले में न ही मेरे पास कार्रवाई के लिए कागज आए और न ही शिकायत आई है। मैं इस पूरे मामले से अंजान हूूं।
       शाम लाल
     फूड सेफ्टी इंस्पेक्टर फतेहाबाद





झलकियां
1. विज बोले, मेरी बैठक में शिकायतकर्ता और अफसर सोच समझकर और पूरी तैयारी कर आएं।
2. मंत्री के आने से पहले बैठक कक्ष में बिजली गुल थी, अफसर बिजली निगम के कार्यकारी अभियंता को पंचकूला की याद दिलाने लगे।
3. गांव दहमाण की समस्या पर जनस्वास्थ्य विभाग के कार्यकारी अभियंता द्वारा योजनाओं की पूर्ति के लिए फंड के अभाव का हवाला दिए जाने पर मंत्री बोले, सरकार का खजाना भरा पड़ा है।
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4. बिना लाइसेंस अनाज बेचने के मामले में मार्केट कमेटी फीस वसूलकर इतिश्री करने के मामले में तीन साल के रिकॉर्ड को जांचने के आदेश दिए।
5. भूना में रामलीला ग्राउंड के पीछे जलभराव की शिकायत लगातार आने पर नगर पालिका के अधिकारियों को हड़काया।
6. बैठक के बाद में शिकायतें देने वालों की संख्या इस बार कम रही।
7. विज की कार्यवाही पर मंच पर मौजूद भाजपा नेत्री सुनीता दुग्गल ने साथ बैठे रतिया विधायक रविंद्र बलियाला को कहा, देखा, ऐसे काम होते हैं हमारी सरकार में, जवाब में विधायक बलियाला मुस्कुरा दिए।

 
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