फतेहाबाद। एनएचएम के तहत स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत कर्मचारी मंगलवार को दूसरे दिन भी हड़ताल पर रहे और कामकाज ठप रखा। जिले में आठ एंबुलेंस नहीं चली तो अस्पतालों के लेबर रूम में रेगुलर स्टाफ नर्स की ड्यूटी बढ़ाई गई हैं। जिले में दूसरे दिन 53 फीसदी कर्मचारी हड़ताल पर रहे, जिसके कारण बुधवार को शुरू होने वाले राष्ट्रीय टीकाकरण अभियान पर प्रभाव पड़ सकता है।
बता दें कि नागरिक अस्पताल के बाहर धरने पर सैकड़ों एनएचएम कर्मचारियों ने भाग लिया और प्रदेश सरकार से कर्मचारियों की लंबित मांगों का तुरंत समाधान करने की मांग की। जिले में 433 कर्मचारियों में से 231 कर्मचारी हड़ताल में शामिल हुए। हड़ताल में शामिल होने वाले कर्मचारियों की दूसरे दिन संख्या ज्यादा रही। बुधवार को कर्मचारियों की संख्या बढ़ सकती है और अनिश्चितकालीन की घोषणा हो सकती है। एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल का असर लेबर रूम पर भी पड़ रहा है। अस्पतालों में स्थायी स्टाफ नर्स की ड्यूटी बढ़ाई गई है। सीएचसी बड़ोपल में स्टाफ नर्स हड़ताल पर रहने के कारण एमपी रोही पीएचसी की स्टाफ नर्स की ड्यूटी लगाई गई है। नागरिक अस्पताल की नर्सरी में तैनात एनएचएम कर्मचारियों के हड़ताल पर रहने के कारण यहां भी काम प्रभावित हुआ।
आठ एंबुलेंस बंद, बाकी बिना ईएमटी दौड़ रहीं
रेफरल ट्रांसपोर्ट सिस्टम के तहत लगे 64 में से 56 कर्मचारी हड़ताल पर रहे। हड़ताल के चलते तीन मोबाइल यूनिट और शिशु एंबुलेंस सेवा बंद रही। इसके अलावा बड़ोपल, जाखल, कुलां और पिरथला में एंबुलेंस सेवा प्रभावित हुई। 20 एंबुलेंसों को 11 रोडवेज और 14 आउटसोर्सिंग कर्मचारियों ने संभाला। हालांकि बिना ईएमटी एंबुलेंस दौड़ रही है। एंबुलेंस में रेफर मरीजों को प्राथमिक उपचार नहीं मिल पा रहा है।
आज डीसी कार्यालय पर कर्मचारी करेंगे प्रदर्शन
स्वास्थ्य कर्मचारी संघ हरियाणा संबंधित भारतीय मजदूर संघ के प्रदेशाध्यक्ष विपिन शर्मा ने बताया कि हड़ताल के तीसरे दिन बुधवार को एनएचएम कर्मचारियों द्वारा नागरिक अस्पताल से डीसी कार्यालय में प्रदर्शन किया जाएगा और डीसी को कर्मचारियों की मांगों से संबंधित सीएम के नाम ज्ञापन भी सौंपा जाएगा। धरने को संबोधित करते हुए विपिन शर्मा ने एनएचएम कर्मचारियों की मुख्य मांगों बारे विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा 2018 में एनएचएम कर्मचारियों को दिए गए सेवा नियम वापस लेने के विरोध में एवं 7वां वेतन आयोग का लाभ देने व अन्य लंबित मांगों को लेकर जिलेभर के कर्मचारी हड़ताल पर है। इसके बाद भी अगर सरकार संघ के प्रतिनिधिमंडल को बुलाकर वित्त विभाग द्वारा जारी किए गए तुगलकी फरमान को रद्द कर अन्य जायज मांगों को पूरी नहीं करती तो एनएचएम कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल करने पर विवश होंगे। धरने पर दलीप सिहाग, डॉ. विष्णु मित्तल, सुरेश, सुलतान, भीम सिंह, खेताराम, डॉ. अनिल, जितेंद्र भदौरिया, इंद्र सिंह, परमजीत, सोनप्रीत, कमलजीत, विनोद, अमन, सुषमा, परमजीत, सुनील कुमार सहित सैकड़ों एनएचएम कर्मचारी मौजूद रहे।
हड़ताल को लेकर जिले में ये रही कर्मचारियों की स्थिति :
कार्यरत कर्मचारी हड़ताल पर रहे
सीएमओ कार्यालय 24 16
आयुष 14 0
नागरिक अस्पताल फतेहाबाद 49 22
उप नागरिक अस्पताल टोहाना 21 15
अर्बन पीएचसी टोहाना 11 10
उप नागरिक अस्पताल रतिया 65 34
सीएचसी भूना 47 3
सीएचसी भट्टूकलां 44 26
सीएचसी जाखल 44 18
सीएचसी बड़ोपल 20 12
आरटीएस 64 56
यूपीएचसी रतिया 8 8
यूपीएचसी फतेहाबाद 13 10
एनएमएचपी 6 1
कोट
जिले में एनएचएम के 231 कर्मचारी हड़ताल पर रहे। बुधवार को टीकाकरण अभियान है, ऐसे में कामकाज प्रभावित होगा। कर्मचारियों के हड़ताल पर रहने की रिपोर्ट मुख्यालय को भेज दी गई है। कई अस्पतालों के लेबर रूम में डिलिवरी सेवाएं प्रभावित हो रही है, यहां पर स्थायी स्टाफ नर्स की ड्यूटी लगाई जा रही है।
-डॉ. सुनीता सोखी, उप सिविल सर्जन