जिले में कोरोना संक्रमण तेजी से फैल रहा है। 24 घंटे में 6 संक्रमितों की मौत हो गई और 275 नए मामले मिले है। तीन संक्रमितों की मौत रतिया के सरकारी अस्पताल में हुई है। हालात ये हैं कि जिले में 11 दिनों में 104 संक्रमित जान गवां चुके है जबकि पिछले पूरे साल में 116 संक्रमितों की मौत हुई थी।
राहत की बात ये भी है कि जिले में पिछले 24 घंटे में 361 मरीज स्वस्थ भी हुए है। जिले में अब तक 12901 संक्रमित मिल चुके हैं और इसमें से 9631 स्वस्थ हो चुके हैं। फिलहाल जिले में 2959 संक्रमित सक्रिय है। इसमें से 2845 संक्रमित होम आइसोलेट हैं और 114 संक्रमित अस्पतालों में दाखिल है। सिविल सर्जन डॉ. वीरेश भूषण ने ग्रामीण क्षेत्रों में कम सैंपलिंग पर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र इंचार्जों को फटकार लगाई है।
जिले में ये मिले कोरोना संक्रमित : स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक फतेहाबाद क्षेत्र में 56, टोहाना में 36, रतिया में 45, भट्टू में 57, बड़ोपल में 16, भूना में 42, जाखल में 23 संक्रमित मिले है। फतेहाबाद के स्वामी नगर निवासी व्यक्ति, गांव खजूरी जाटी निवासी युवक, भोड़िया खेड़ा निवासी युवक, अग्रवाल कॉलोनी निवासी युवक, डीएसपी रोड निवासी युवक, जांडवाला सोत्तर निवासी युवक, शिव नगर निवासी युवक, रतिया चुंगी निवासी महिला, वार्ड नंबर सात निवासी युवक, भोड़िया खेड़ा निवासी वृद्धा, गांव भोड़िया खेड़ा निवासी बुजुर्ग, गांव कलौठा निवासी युवक, वार्ड नंबर 8 निवासी युवक, वार्ड नंबर 17 निवासी युवक, गांव ब्राहम्णवाला निवासी वृद्धा, रतिया में दो वर्षीय बच्ची और उसकी मां, गांव चिंदड़ में बाप-बेटा, टोहाना के गांव बलियावाला में बुजुर्ग दंपती, गांव जांडली कलां में दंपती, टोहाना निजी अस्पताल में दो लोग, टोहाना के नागरिक अस्पताल में एक कर्मचारी कोरोना संक्रमित मिला है।
ग्रामीण क्षेत्रों में कम सैंपलिंग, सीएमओं ने लगाई फटकार: जिले में कोरोना सैंपलिंग का 2000 का लक्ष्य निर्धारित किया है लेकिन बावजूद इसके स्वास्थ्य विभाग लक्ष्य के नजदीक नहीं पहुंच रहा है। कम सैंपलिंग पर सिविल सर्जन पीएचसी इंचार्ज को फटकार लगाई है और उन्हें सैंपलिंग बढ़ाने के निर्देश दिए है। पीएचसी को 80 तथा सीएचसी को 150 सैंपल का लक्ष्य दिया गया है।
घरों में बुजुर्गों और बच्चों को ध्यान रखें अगर कोरोना के लक्षण दिख रहे हैं तो जांच जरूर करवाएं। इसके अलावा 18 से ज्यादा उम्र के जिन लोगों ने अभी तक टीका नहीं लगवाया है वह लगवा लें। - डॉ.विष्णु मित्तल, जिला महामारी अधिकारी।