अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद। टोहाना के उपमंडल न्यायिक दंडाधिकारी विनय शर्मा की अदालत ने एक चेक बाउंस मामले की सुनवाई करते हुए आरोपी को दोषी करार देकर 18 माह की कैद और 30 लाख रुपये मुआवजा देने के आदेश दिए हैं। जानकारी के मुताबिकवार्ड नंबर 14 टोहाना निवासी आजाद चंद्र ने रानी बाग कालोनी नई दिल्ली निवासी जनक राज पुत्र हरफुल सिंह के खिलाफ एनआई एक्ट की धारा 138 के तहत अदालत में याचिका दायर की थी।
अपनी याचिका में आजाद्र चंद ने बताया कि उसने आरोपी के साथ कुरुक्षेत्र के गांव भगता की 20 एकड़ जमीन का सौदा 15 लाख 80 हजार प्रति एकड़ के हिसाब से किया। उसने आरोपी को टोकन मनी के रूप में 5 लाख रुपये और बाद में आरोपी के मांग करने पर 20 लाख रुपये और दिए। बाद में उसे पता चला कि आरोपी न तो जमीन का मालिक है, काबिज और ना ही उसके पास जनरल पॉवर अटोरनी है। इस पर उसने पेहोवा में 11 अगस्त 2014 को आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज करवाया था। मामला दर्ज होने के बाद पंचायत में 40 लाख में मामला सेटल हो गया। इस पर आरोपी ने उसे 25 लाख रुपये का चेक दिया। जो बैंक से पर्याप्त राशि ना होने से बाउंस हो गया। अदालत ने इस मामले में दोनों पक्षों की बहस सुनने के पश्चात 13 अक्तूबर को आरोपी को दोषी करार दिया था। अब आरोपी को कोर्ट ने 15 माह की कैद व याचिकाकर्ता को 30 लाख रुपये का मुआवजा देने के आदेश दिए हैं।