अमर उजाला ब्यूरो
रतिया।
शहर के मेन बाजार के शंटी कुमार ने सीएम विंडो में शिकायत भेजकर हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन द्वारा सहायक प्रोफेसर के लिए गए साक्षात्कार में भेदभाव का आरोप लगाया है। आरोपों के साथ-साथ शिकायतकर्ता ने हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल से अपने स्तर पर ही इस पूरे मामले की जांच करवाने की मांग की है। सीएम विंडो में भेजी गई शिकायत की प्रतियां बुधवार को पत्रकारों को बांटते हुए शिकायतकर्ता ने बताया कि हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन द्वारा सहायक प्रोफेसरों की लिखित परीक्षा के पश्चात 30 मई 2017 को साक्षात्कार लिया गया था।
शिकायतकर्ता शंटी कुमार ने बताया कि उसका साक्षात्कार बहुत ही अच्छा हुआ था और परीक्षा में भी अच्छे अंक प्राप्त हुए। लिखित परीक्षा 100 अंकों की थी, जिसका 10 प्रतिशत 10 नंबर हैं, जबकि साक्षात्कार 20 नंबर का था। 100 में से प्राप्त किए गए अंकों को 50 प्रतिशत प्राथमिकता दी जा रही है तो इस हिसाब से लिखित परीक्षा 50 अंकों की ही हुई तो साक्षात्कार 5 अंकों का होना चाहिए। शंटी कुमार ने आरोप लगाया कि संबंधित विभाग द्वारा ऐसा इसलिए किया गया कि लिखित परीक्षा में प्राप्त किए गए अंकों के अंतर को 50 प्रतिशत से कम किया जा सके। उन्होंने इस साक्षात्कार को लेकर संबंधित विभाग पर आरोप लगाते हुए कहा कि षड्यंत्र के तहत ही नया फार्मूला बनाकर अपने मंसूबों को कामयाब किया गया है। उन्होंने ये भी आरोप लगाया कि वास्तव में षड्यंत्र के तहत ही हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन ने उन परीक्षार्थियों को बाहर का रास्ता दिखा दिया है जिन्होंने कड़ी मेहनत के साथ अपनी परीक्षा दी थी और अच्छे अंक प्राप्त किए थे।
सहायक प्रोफेसर के साक्षात्कार में नियमों की अनदेखी का आरोप, सीएम विंडो पर शिकायत
हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन ने लिया था साक्षात्कार
14एफटीबीपी19 : सहायक प्रोफेसर के साक्षात्कार में भेदभाव का आरोप लगाने वाले शंटी कुमार ।