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डेंगू पर कागजी हैं अफसरी दावे, दो साल में 8 हजार लोगों को दिए लार्वा का नोटिस, एक भी नहीं काटा चालान

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अमर उजाला ब्यूरो
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फतेहाबाद। डेेंगू की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग गंभीर नहीं दिख रहा है। लारवा मिलने पर लोगों को नोटिस तो थमा दिया जाता है लेकिन कार्रवाई नहीं की जाती। फतेहाबाद स्वास्थ्य विभाग ने पिछले दो सालों में जिलेभर में कुल 8 हजार 90 लोगों को डेंगू का लारवा मिलने पर नोटिस दिए हैं। इसमें 4 हजार 50 नोटिस तो पिछले 6 महीने में दिए गए हैं। लेकिन अभी तक पिछले दो साल में एक भी व्यक्ति का चालान नहीं काटा गया है।
फतेहाबाद जिले में इस साल अब तक डेंगू के कुल 53 मामले सामने आए हैं, जिनमें से 26 मामले अकेले टोहाना से सामने आए हैं। वहीं अधिकारियों का कहना है कि इस साल चलाए गए विशेष अभियान के कारण विभाग को डेंगू को नियंत्रित करने में कामयाबी मिली है, जिस कारण इस बार जिले में डेंगू के बहुत ही कम सकारात्मक मामले सामने आए हैं। अधिकारियों को कहना है कि जो 53 मामले डेंगू के आए है, उनमें से अधिकतर केस पंजाब के हैं क्योंकि टोहाना पंजाब से सटा हुआ होने के कारण पंजाब के मरीज वहां इलाज करवाने के लिए आते हैं।
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दोबारा जांच में लार्वा मिलने पर काटा जाता है चालान
नागरिक अस्पताल के डिप्टी सीएमओ डा. हनुमान के अनुसार यदि किसी के घर में पहली बार डेंगू का लार्वा मिलता है तो उसे नोटिस दिया जाता है। इसके बाद टीम दूसरी बार चेक करने के लिए जाती है और उसी घर में दोबारा लार्वा पाया जाता है जिसे पहले नोटिस जारी हो चुका है तो उस स्थिति में उसका चालान काटा जाता है। उन्होंने बताया कि यह चालान व्यक्ति की आर्थिक स्थिति के हिसाब से काटा जाता है। लेकिन अधिकारियों का कहना है कि चालान इस वजह से नहीं काटा जा सका कि सर्वे टीम को अधिकतर इलाकों में दोबारा सर्वे करने का समय ही नहीं मिल सका।
पिछले दो सालों में तीन बार मिल चुका है लघु सचिवालय व टोहाना नगर परिषद में लार्वा
विभाग की टीम द्वारा इस साल की गई डेंगू के लारवे की चेकिंग के दौरान फतेहाबाद के लघु सचिवालय के कई दफ्तरों, यहां तक कि डीसी ऑफिस में भी डेंगू का लार्वा पाया गया था। इतना ही नहीं टोहाना के नगर परिषद भवन में भी अधिकारियों के कूलर में डेंगू का लार्वा मिला था। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने नोटिस भी दिया था लेकिन अबतक दोबारा चेकिंग नहीं की गई।
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जिले के किस खंड से डेंगू के कितने मरीज आए सामने
खंड डेंगू के मामले
टोहाना 26
जाखल 12
फतेहाबाद 08
रतिया 05
भूना 01
भट्टू 01
कुल 53
टोहाना रतिया में चलाया गया था विशेष अभियान : डॉ. हनुमान
डिप्टी सीएमओ डॉ. हनुमान ने बताया कि पिछले साल से सबक लेते हुए इस साल विभाग ने सक्षम युवाओं व एमपीएचडब्लयू की 60 सदस्यों की टीम को अकेले टोहाना क्षेत्र में लगाया हुआ था। उक्त टीम लगातार टोहाना के पंजाब से सटे क्षेत्र में लारवा के चेकिंग और लोगों को जागरूक करने में लगी हुई थी। उन्होंने बताया कि इस बार टोहाना के निजी अस्पतालों में भी लगातार फॉगिंग करवाने व बुखार के मरीजों की डेली रिपोर्ट नागरिक अस्पताल में भेजने के आदेश दिए गए थे। इसके अलावा लोगों से भी बार-बार अपील की गई थी कि वे डेंगू की आशंका होने पर केवल नागरिक अस्पताल में ही टेस्ट करवाएं। उन्होंने बताया कि इस साल एमपीएचडब्लयू के 20 कर्मचारियों की नई ज्वाइनिंग के कारण विभाग के पास मैनपावर की भी कोई कमी नहीं थी तथा सक्षम युवाओं के जबरदस्त कार्य के कारण विभाग को डेंगू को रोकने में कामयाबी मिली।
डेंगू बुखार के लक्षण
1. तीव्र बुखार आना
2. सिर के अगले हिस्से में दर्द होना
3. जोड़ों में दर्द
4. भूख कम लगना व उल्टियां आना
5. आंखों के पिछले भाग में तेज दर्द होना
ये रखे सावधानियां
1. किसी भी बर्तन में पानी सात दिन से ज्यादा ना रखें
2. बुखार होने पर केवल पारासिटामोल गोली ही खाएं
3. अपने शरीर को ढक कर रखें
4. घर के आसपास पानी इकट्ठा न होने दें ताकि डेंगू का मच्छर पैदा ना हो सके
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