चरखी दादरी। जिले की तीनों सीएचसी (सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र) पर नए साल से मरीजों को एक्स-रे सुविधा का लाभ मिलने लगा। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग करीब 15 लाख का बजट खर्च करेगा। सकारात्मक बात ये है कि विभाग ने तीनों सीएचसी के लिए तीन डिजिटल एक्स-रे मशीन की ऑर्डर दे दिया है। इसके अलावा रेडियोग्राफर हायर करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
गोपी, बौंदकलां और झोझूकलां सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एक्स-रे सुविधा होने का लाभ एक लाख से अधिक लोगों को मिलेगा। विभाग की योजना के तहत दिसंबर के पहले सप्ताह तक एक्स-रे मशीन पहुंच जाएंगी। इसके तत्काल बाद इन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में स्थापित करवा दिया जाएगा। तीनाें डिजिटल एक्स-रे मशीन चलाने के लिए विभाग को तीन रेडियोग्राफर चाहिए, लेकिन विभाग वर्कलोड को देखते हुए हरियाणा कौशल रोजगार निगम के तहत चार रेडियोग्राफर भर्ती करेगा। इन दोनों योजनाओं के धरातल पर परवान चढ़ने के बाद ग्रामीण क्षेत्र के मरीजों को काफी राहत मिलेगी।
दरअसल, जिले की तीनों सीएचसी पर लंबे समय से एक्स-रे सुविधा बंद है। इतना ही नहीं स्वास्थ्य केंद्रों में नई मशीन की कमी भी लंबे समय से बनी हुई है। इसका खामियाजा मरीजों को भुगतना पड़ रहा है। सीएचसी के अधीन आने वाले गांवों के लोग एक्स-रे के लिए लंबी दूरी तय कर सिविल अस्पताल आने को विवश हैं।
- करीब 5 लाख रुपये आएगी एक मशीन पर लागत
नई डिजिटल एक्स-रे मशीन की कीमत करीब पांच लाख रुपये आंकी जा रही है। हालांकि मशीन पहुंचने के के बाद ही इसकी वास्तविक लागत का पता चलेगा। विभागीय सूत्रों के अनुसार मशीनों की खरीद पर करीब 15 लाख रुपये लागत आने की संभावना है।
- 15 से 40 किलोमीटर की दूरी नहीं करनी पड़ेगी तय
बौंदकलां सीएचसी से दादरी सिविल अस्पताल की दूरी करीब 22 किलोमीटर है। इसी प्रकार झोझूकलां सीएचसी से सिविल अस्पताल की दूरी 15 और गोपी सीएचसी से दादरी सिविल अस्पताल की दूरी करीब 40 किलोमीटर है। तीनों सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर एक्स-रे सुविधा न होने से मरीजों को सिविल अस्पताल की भागदौड़ करनी पड़ रही है। एक्स-रे मशीन इंस्टॉल होने के बाद ये झंझट खत्म होगा।
- प्रतिदिन 150 से अधिक एक्स-रे, सिविल अस्पताल पर वर्कलोड
जिले में सिविल अस्पताल, मातृ-शिशु अस्पताल, तीन सीएचसी और 12 पीएचसी समेत 17 स्वास्थ्य केंद्र हैं। इनमें से केवल सिविल अस्पताल में एक्स-रे सुविधा शुरू है। ग्रामीण और शहरी क्षेत्र के मरीज पूर्णतया सिविल अस्पताल पर निर्भर हैं। ऐसे में यहां वर्कलोड रहता है। प्रतिदिन करीब 150 से अधिक एक्स-रे सिविल अस्पताल में होते हैं और सीएचसी में ये सुविधा शुरू होने के बाद यहां का वर्कलोड काफी कम होगा।
-डिजिटल एक्स-रे मशीन की ऑर्डर किया जा चुका है। दिसंबर के पहले सप्ताह तक मशीन पहुंचने की उम्मीद है और हमारा प्रयास है कि नए साल से बौंदकलां, झोझूकलां और गोपी सीएचसी में एक्स-रे सुविधा शुरू कर दी जाए। इससे मरीजों को राहत मिलेगी जबकि सिविल अस्पताल का वर्कलोड कम होगा।
-डॉ. गौरव भारद्वाज, कार्यवाहक सीएमओ, चरखी दादरी
सिविल अस्पताल में एक्स-रे करवाने के लिए बारी का इंतजार करते मरीज।