चरखी दादरी। शहर की ऑयल और जिनिंग मिलों पर प्रशासनिक टीमों की कार्रवाई बुधवार को दूसरे दिन भी जारी रही। दो टीमों ने दोपहर बाद तक बाकी बची तीनों मिलों को कवर कर लिया और वहां निरीक्षण के बाद पीवी (फिजिकल वेरिफिकेशन) रिपोर्ट तैयार कर अगली कार्रवाई के लिए मार्केट कमेटी के प्रशासक व एसडीएम विरेंद्र सिंह को सौंप दी है। टीमों को निरीक्षण के दौरान किसी मिल में सरसों, सरसों के तेल और खल का स्टॉक ज्यादा मिला है तो किसी में कम पाया गया। हालांकि सूत्रों के अनुसार अंतर काफी कम है, लेकिन फिर भी प्रशासन नियमानुसार कार्रवाई अमल में लाएगी।
गौरतलब है कि एसडीएम विरेंद्र सिंह ने ऑयल मिलों की जांच के लिए मंगलवार को तीन टीमें गठित की थी। मंगलवार सुबह टीमों ने मिलों की चेकिंग शुरू की थी। मंगलवार शाम तक छह ऑयल मिल कवर हुई थीं। बाकी तीन मिलों की जांच के लिए बुधवार सुबह ही टीमें वहां पहुंच गईं। दोपहर बाद तक निरीक्षण पूरा हुआ।
सूत्रों के अनुसार जांच के लिए पहुंची टीमों को ऑयल मिल संचालकों ने अपने गोदामों में रखे स्टॉक की जानकारी भी लिखित में दी है। हालांकि इनके गोदामों तक टीम नहीं पहुंची और ऑयल मिल संचालकों द्वारा लिखित में दिए गए स्टॉक संबंधी दस्तावेज को पीवी रिपोर्ट में शामिल किया गया है। एक मिल संचालक ने टीम को स्टॉक और गेट रजिस्टर मुहैया नहीं करवाया है। उक्त मिल संचालक का कहना है कि उसका रजिस्टर जेडएमईओ जांच के लिए लेकर गए हुए हैं। पीवी रिपोर्ट के आधार पर ही अब मार्केट कमेटी की ओर से अगली कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
जानिए ऑयल मिलों के स्टॉक में कैसे पाया गया अंतर
1. भगवती ऑयल एवं जिनिंग मिल- इस मिल में टीम को पांच क्विंटल 67 किलोग्राम सरसों स्टॉक से अधिक मिली। यहां 289 किलोग्राम सरसों का तेल भी स्टॉक से अधिक पाया गया। वहीं, स्टॉक से 84 किलोग्राम खल कम मिली। मिल संचालक ने बताया कि चंपापुरी स्थित गोदाम में 3880 क्विंटल सरसों रखी है।
2. लक्ष्मी ऑयल मिल- यहां टीम को स्टॉक से 166 क्विंटल सरसों कम मिली। इसके अलावा 1493 लीटर सरसों का तेल स्टॉक से अधिक मिला। यहां 187 क्विंटल खल और 115 क्विंटल ग्वार स्टॉक से कम मिली। मिल संचालक ने बताया कि सात हजार क्विंटल सरसों और 9250 क्विंटल ग्वार गोदाम में रखी है।
3. राज कॉटन एवं ऑयल मिल- यहां टीम को स्टॉक से 219 क्विंटल सरसों कम मिली। इसके अलावा 8.84 क्विंटल सरसों का तेल और पांच क्विंटल 59 किलोग्राम खल स्टॉक से कम मिली। यहां 16171 क्विंटल सरसों और 595 क्विंटल खल का स्टॉक टीम को मिला जिसकी जानकारी पीवी रिपोर्ट में दी गई है।
4. मां संतोषी ऑयल मिल- यहां 19 क्विंटल 60 किलोग्राम सरसों स्टॉक से अधिक पाई गई। वहीं, पांच क्विंटल 20 किलोग्राम सरसों का तेल भी स्टॉक से अधिक पाया गया। खल की अगर बात करें तो पांच क्विंटल 59 किलोग्राम स्टॉक से कम पाई गई और इन बिंदुओं को टीम ने पीवी रिपोर्ट में शामिल किया है।
5. हिम्मत इंडस्ट्री- इस मिल पर पहुंची टीम के समक्ष मालिक स्टॉक रजिस्टर, गेट रजिस्टर और अन्य बिल पेश नहीं कर पाया। मिल संचालक ने लिखित में दिया है कि 26 जून को जेडएमईओ हिसार स्टॉक रजिस्टर व गेट रजिस्टर को जांच के लिए ले गए थे और रिकॉर्ड आने के बाद पेश कर दिया जाएगा।
6. गोयल ऑयल मिल- पीवी के लिए यहां पहुंची टीम को 39 क्विंटल सरसों स्टॉक से कम मिली। इसके अलावा 40 किलोग्राम सरसों का तेल स्टॉक से अधिक पाया गया। यहां खल भी स्टॉक से करीब छह क्विंटल कम पाई गई।
7. ओपी कॉटन मिल- यहां 37291 क्विंटल सरसों का स्टॉक मिला। इसके अलावा 2956 क्विंटल सरसों का तेल और 7645 क्विंटल खल का स्टॉक पाया गया। टीम ने यहां बने सभी टैंकों की जांच भी की और यहां रखे सरसों के बैग के अलावा तैयार सरसों तेल की पैकिंग की जांच भी की।
8. बालाली ऑयल मिल- इस मिल में टीम को 21826 क्विंटल सरसों, 1083 क्विंटल खल और 8011 क्विंटल सरसों तेल का स्टॉक मिला। जांच के दौरान यहां पांच क्विंटल सरसों अधिक पाई गई। वहीं, खल का स्टॉक पांच क्विंटल कम मिला। सरसों तेल का स्टॉक भी यहां कम मिला है।
वर्जन::
हमने जांच पूरी कर ली है और पीवी रिपोर्ट तैयार कर मार्केट कमेटी प्रशासक एवं एसडीएम विरेंद्र सिंह को सौंप दी है। पीवी रिपोर्ट में ज्यादा अंतर सामने नहीं आया है और अगली कार्रवाई मार्केट कमेटी की ओर से की जानी है।
- यक्ष कुमार, इंस्पेक्टर, खाद्य आपूर्ति विभाग एवं चेकिंग टीम सदस्य