जिले में ओवरलोडिंग और अवैध खनन का मुद्दा बार-बार उठ रहा है। इसके मद्देनजर डीसी मनदीप कौर स्पेशल टास्क फोर्स गठित करेंगी जबकि प्रदेश सरकार ने 6 जिलों के अधिकारियों की चरखी दादरी में चेकिंग ड्यूटी लगा दी है। डीसी स्वयं 10 दिन बाद इन अधिकारियों की ओर से की गई कार्रवाई का रिव्यू करेंगी। इतना ही नहीं जल्द ही डीसी स्वयं खनन क्षेत्र का दौरा करेंगी।
बता दें कि दो माह में दो बार आयोजित कष्ट निवारण समिति की बैठक में ओवरलोडिंग और अवैध खनन का मुद्दा जोर-शोर से उठा है। अंतिम बैठक में अध्यक्ष एवं राज्यमंत्री अनूप धानक ने डीसी मनदीप कौर को स्वयं मामले की जांच करने की जिम्मेदारी सौंपी थी। वहीं, बैठक के कुछ दिन बाद ही सरकार ने छह जिले के अधिकारियों की चरखी दादरी में चेकिंग के लिए विशेष ड्यूटी लगा दी है।
ओवरलोडिंग और अवैध खनन को लेकर पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए डीसी मनदीप कौर ने बताया कि राज्यमंत्री ने इस मामले की जांच उन्हें सौंपी है। उन्होंने फिलहाल प्रदूषण और खनन विभाग से पत्राचार कर माैजूदा स्थिति की अपडेट मांगी है। इसके अलावा वो एक स्पेशल टास्क फोर्स गठित कर रही हैं। इसमें शामिल अधिकारियों को साथ लेकर वो जल्द ही खनन क्षेत्र का दौरा करेंगी। वहां जो स्थिति होगी उसकी रिपोर्ट वो आगामी बैठक में पेश कर देंगी।
- टास्क फोर्स में इन्हें किया जाएगा शामिल
स्पेशल टास्क फोर्स में एसडीएम, खनन विभाग, आरटीए, प्रदूषण नियंत्रक बोर्ड और पुलिस विभाग से डीएसपी स्तर के अधिकारी को शामिल किया जाएगा।
- सबूत समेत शपथ पत्र सौंप चुका शिकायतकर्ता
दरअसल, ओवरलोडिंग और अवैध खनन का मुद्दा अधिवक्ता संजीव तक्षक उठा रहे हैं। दो माह पहले आयोजित हुई बैठक में उन्होंने विभिन्न विभागों के अधिकारियों पर मंथली लेकर जिले की जनता के हितों के साथ गलत करने का आरोप लगाया था। इस पर मंत्री ने एक शपथ पत्र मांगा था। जबकि उन्होंने दस से अधिक लोगों ने शपथ पत्र प्रशासन की मार्फत सरकार को भेजे थे। दूसरी बैठक में मंत्री ने शिकायतकर्ता को बाहर निकाल दिया और डीसी को स्वयं इस मामले की जांच करने का आदेश दिया था। मंत्री ने कहा था कि अगर अधिकारियों के तथ्य गलत निकले तो उन पर कार्रवाई तय है।
- ज्यादातर हादसों का कारण भारी वाहन
जिले में प्रतिदिन पांच हजार से अधिक डंपर और ट्राले चलते हैं। वहीं, पिछले एक साल में सड़क हादसों की बात करें तो 60 हुए हैं, जिनमें 83 लोगाें को अपनी जान गंवानी पड़ी और 130 लोग घायल हुए है। ज्यादातर हादसे भारी वाहनों के चलते ही हुए हैं।
कष्ट निवारण समिति की बैठक में ये मुद्दा उठा था और इस पर संज्ञान लेकर राज्यमंत्री अनूप धानक ने मुझे स्वयं विजिट करने के निर्देश दिए थे। जल्द ही टास्क फोर्स के साथ खनन क्षेत्र का दौरा करूंगी। पोल्यूशन और माइनिंग विभाग से मौजूदा स्थिति की रिपोर्ट मांगी हुई है। वहीं, सरकार ने छह जिलों के अधिकारियों की दादरी में विशेष चेकिंग ड्यूटी लगाई है।
-मनदीप कौर, डीसी, चरखी दादरी