संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। मिलीभगत कर बैक कर्मचारियों ने आवेदक की जगह पशु लोन के डेढ़ लाख रुपये अन्य दो लोगों के खातों में डाल दिए। पीड़ित आवेदक ने इसकी शिकायत सिटी थाने में दी है। आवेदक का आरोप है कि इसमें बैंक मैनेजर या कर्मचारी की मिलीभगत है।
पुलिस को दी शिकायत में वाल्मीकि नगर निवासी आकाश ने बताया कि कैनरा बैंक में उसका खाता है। उसने पशु खरीदने के लिए पशुपालन विभाग की मार्फत लोन के लिए आवेदन किया था। आकाश ने बताया कि उसकी डेढ़ लाख रुपये की लोन राशि स्वीकृत हुई थी, लेकिन ये राशि उसे नहीं मिली। अब बैंक का रिकवरी नोटिस उसके पास आया तो पता चला कि 4 जनवरी को डेढ़ लाख रुपये का लोन उस पर दिखाया गया है। पूछताछ करने पर पता चला कि लोन की राशि चार जनवरी को उसके खाते के बजाय रमेश व सुधीर नामक शख्स के खाते में डाली गई है। आकाश ने अंदेशा जताया कि इसमें बैंक मैनेजर या किसी कर्मचारी का हाथ हो सकता है। उन्होंने मिलीभगत कर लोन राशि आवेदक के बजाय अन्य लोगों के खातों में डाली है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने रमेश और सुधीर के खिलाफ धारा 409 और 420 के तहत केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।