प्रदर्शन के दौरान सीडीपीओ कार्यालय के बाहर पुतला जलाती आंगनबाड़ी वर्कर्स एवं हेल्पर्स। संवाद
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चरखी दादरी। 59 दिन से आंदोलनरत आंगनबाड़ी वर्कर्स एवं हेल्पर्स ने शुक्रवार को मांगों और कर्मचारियों की बर्खास्तगी के विरोध में शहर में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद वर्कर्स एवं हेल्पर्स ने सीडीपीओ कार्यालय का घेराव किया और नारेबाजी कर रोष जताया। कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों को उठाया व तानाशाही दिखाने वाले अधिकारियों के पुतले का दहन किया।
शुक्रवार को आंगनबाड़ी वर्कर्स व हेल्पर्स का लघु सचिवालय परिसर में चल रहा धरना 59वें दिन में प्रवेश कर गया। धरने की अध्यक्षता सुनील बाढडा व सुनीता ने की। मंच संचालन प्रेम अचीना व अनिल श्योराण ने किया। धरना स्थल पर हेमसा राज्य कार्यकारिणी सदस्य कृष्ण भागवी ने पहुंच कर समर्थन दिया। एसकेएस जिला प्रधान राज कुमार घिकाडा ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के खिलाफ दर्ज मुकदमों की निंदा करते हुए कहा कि सरकार आंदोलन को दबाने के लिए दमन की कार्यवाही कर रही है। जिला प्रधान सुनीता रामबास ने कहा कि अन्याय के खिलाफ अब और अधिक तेजी से कदम उठाए जाएंगे, किसी भी डर या दबाव में वर्कर्स व हेल्पर अब नहीं आने वाली। उन्होंने बताया कि सरकार 2018 में हुए समझौते के अनुसार मानी गई मांगों को तुरंत पूरा करे। इसके साथ ही जो बर्खास्तगी के आदेश को रद्द करके नोटिस को वापस ले। इसके अलावा सात माह का बकाया इंक्रीमेंट तुरंत प्रभाव से दिया जाए। इस अवसर पर इशवंती साहुवास, सुनीता फतेहगढ, अनीता साहुवास, दादरी द्वितीय ब्लाक प्रधान रामौतारी, मनीषा बलकरा, सीमा मांढी, बीता मांढी, रेखा नांधा, राजाबाला बिरही, मुन्नी किष्कंधा आदि थे।
अपनी मांगों को लेकर शहर में प्रदर्शन करती आंगनबाड़ी वर्कर्स एवं हेल्पर्स। संवाद- फोटो : CharkhiDadri