प्रदेश के राशन डिपो व बाजार में बेची जाएगी चीनी, पानीपत, करनाल व रोहतक में तैयार हो रहे पैकेट
अरुण शर्मा
चंडीगढ़। हरियाणा राज्य सहकारी चीनी मिल संघ आय के स्रोत बढ़ाएगा। इसके लिए अगले करीब डेढ़ माह के अंदर 1 किलोग्राम चीनी के पैकेट की बिक्री शुरू की जाएगी। अभी पैकेटबंद चीनी की प्रतिमाह 15 से 16 हजार क्विंटल की मांग है। प्रदेश के करीब 7200 राशन डिपो पर भी चीनी मिल संघ की पैकेट वाली चीनी ही बिकेगी। इसके साथ ही बाजार में भी इन पैकेट की बिक्री शुरू होगी। चीनी मिल संघ नॉन रिफाइन चीनी के 1 किलोग्राम के पैकेट तैयार कराएगा। इसके लिए अभी पानीपत, करनाल और रोहतक में काम जारी है।
पड़ोसी राज्यों के बाजारों में भी खपेगी चीनी
बाजार में एक किलोग्राम चीनी के पैकेट की बिक्री हरियाणा के अलावा पड़ोसी राज्यों के उत्तर प्रदेश, दिल्ली, पंजाब में भी होगी। चीनी मिल संघ के प्रबंध निदेशक कैप्टन शक्ति सिंह का कहना है कि अभी तक 50 किलोग्राम चीनी के बैग की बिक्री होती थी। अब बाजार की मांग को देखते हुए सरकार के सुझाव पर एक किलोग्राम के पैकेट पर काम शुरू किया गया है।
नॉन रिफाइन चीनी में गन्ने के रस के रहते हैं पूरे गुण
नॉन रिफाइन चीनी का मतलब बिना रिफाइन की गई प्राकृतिक चीनी से है। यह गन्ने के रस से सीधे बनाई जाती है। इसे सफेद चीनी की तरह रासायनिक प्रक्रियाओं से नहीं गुजारा जाता। इसमें चीनी के प्राकृतिक गुण और पोषक तत्व पूरी तरह से मौजूद रहते हैं। उत्पाद हल्के भूरे रंग का होता है। इसका स्वाद गुड़ या देसी खांड जैसा होता है।