दिवाली की रात हरियाणा के नारनौल में पटाखों से अलग-अलग स्थानों पर लगी आग में सैकड़ों मन कड़बी (पशुचारा), छप्पर और अन्य घरेलू सामान जलकर राख हो गया।
इससे पीड़ित परिवारों को हजारों रुपये का नुकसान हो गया। पीड़ित परिवारों ने प्रशासन से मुआवजा देने की मांग की है।
दिवाली की देर शाम आठ बजे पटाखों से गांव बिहाली में जगदीश और रामानंद के छप्पर में आग लग गई। देखते ही देखते आग ने गंभीर रुप धारण कर लिया और छप्पर में रखा भूसा जल गया।
सूचना मिलने पर फायर ब्रिगेड ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। गांव के खेतों में पटाखे की चिंगारी से लगी आग से एक किसान की कड़बी जलकर राख हो गई।
इसके बाद करीब आठ बजकर दस मिनट पर गांव पटीकरा में योगेश कुमार की कड़बी में आग लग गई। फायर ब्रिगेड ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया, लेकिन कड़बी जलकर राख हो गई थी।
रात नौ बजे के करीब गांव गोद बलाहा में आग लगने से रणबीर सिंह की 60 मन कड़बी राख हो गई। करीब साढ़े दस बजे कोरियावास में आग लगने से राम अवतार की 70 मन कड़बी जल गई।
सवा बारह बजे गांव जाखनी में आग लगने से राजेंद्र की पचास मन, लालचंद की 40 मन, हसंराज की 35 मन व रविंद्र की 50 मन कड़बी जलकर राख हो गई।
गांव सुरानी में 3 बजकर 50 मिनट पर ईधन में आग लग गई। सुबह साढ़े चार बजे नूनी सलूनी के पूर्व सरपंच धर्मपाल के बंद पड़े मुर्गी फार्म में आग लग गई।