निजी गेस्ट हाउस में चिकित्सकों की बैठक में मौजूद पुलिस अधीक्षक अजीत सिंह व सीजेएम हिमांशु सिंह।
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भिवानी। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन ने चिकित्सकों पर बढ़ते हमलों को लेकर चिकित्सा लापरवाही और कानून मिथक व तथ्य विषय पर मंगलवार को सेमिनार आयोजित किया। इसमें पुलिस अधीक्षक अजीत सिंह शेखावत व सीजेएम डॉ. हिमांशु ने चिकित्सकों की कई शंकाओं का समाधान किया गया। एसपी ने डॉक्टरों को आश्वस्त किया कि चिकित्सकों पर हमला करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने ने कहा कि अस्पतालों में होने वाली अप्रिय घटनाओं पर चिकित्सकों पर मामला दर्ज करने से पहले मेडिकल नेकलिनेंसी कमेटी सलाह जरूर करनी चाहिए।
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन सचिव डॉ. रूपेंद्र के रंगा ने मेहमानों का स्वागत कर राजस्थान की डॉ. अर्चना शर्मा की व्यथा को व्यक्त करने वाली एक फिल्म दिखाई। इसमें आईएमए की जिला प्रधान डॉ. कमला भारद्वाज व डॉ. शिव शंकर भारद्वाज ने अच्छा अभिनय कर डॉ. अर्चना शर्मा की मनोदशा को समझाया। वरिष्ठ चिकित्सक व आईएमए के पूर्व प्रधान डॉ. पीके आनंद ने सवाल रखे, जिनका अधिकारियों ने जवाब दिया। डॉ. संजय सिंगला एवं डॉ. त्रिलोकी गुप्ता ने चिकित्सकों को डराने-धमकाने आदि समस्याओं को उठाया। सीजेएम लीगल सेल ने कहा कि पुलिस कर्मचारियों को समय-समय पर मेडिकल से संबंधित सेमिनार का आयोजन कर पुलिस कर्मियों को जागरूक किया जा सकता है। प्रधान चिकित्सा अधिकारी डॉ. एडविन, अधिवक्ता शीला तंवर ने जानकारी दी। सेमिनार को पूर्व विधायक डॉ. शिव शंकर भारद्वाज, डॉ. पीके आनंद ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर डॉ. केसी काजल, डॉ. वीबी दीक्षित, डॉ. मोनिका गोयल, डॉ. त्रिलोकी, भूषण गुप्ता, डॉॅ. ईश्वर गुप्ता, डॉ. रमेश खासा, डॉ. भूपेंद्र भारद्वाज, डॉ. रमेश अरोड़ा, डॉ. वीके चुघ, डॉ. संजय सिंगला, डॉ. रविकांत भीष्म, नीलम भीष्म, डॉ. सरोज रंगा, डॉ. वेद अग्रवाल, डॉ. अजीत गुलिया, डॉ. सुभाष अग्रवाल, डॉ. एनसी गाबा, डॉ. केएम गोयल, डॉॅ. सतबीर धनखड़ मौजूद रहे। संवाद