फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जीतूवाला जोहड़ रेलवे ओवरब्रिज की बाधाएं दूर, मार्च में शुरू होगा काम

विज्ञापन
जीतू वाला फाटक बंद होने के चलते खड़े वाहन चालक। संवाद न्यूज एजेंसी - फोटो : Bhiwani
विज्ञापन
शहर के जीतूवाला जोहड़ रेलवे फाटक संख्या 52-सी पर रेलवे ओवरब्रिज निर्माण की औपचारिकताएं पूरी होने के बाद अब प्रदेश सरकार से निर्माण कार्य को मंजूरी मिल चुकी है। इसके बाद बीएंडआर विभाग मार्च माह में आरओबी निर्माण की कवायद शुरू करेगी। इतना ही नहीं आरओबी टॉप सेक्शन का मामला रेलवे विभाग के पास भेजा हुआ है। जिस पर भी मार्च माह में ही काम के टेंडर कराए जाने की संभावनाएं है।
विज्ञापन

कृष्णा कॉलोनी से दिनोद रोड जीतूवाला रेलवे फाटक 52-सी पर रेलवे ओवरब्रिज निर्माण का प्रस्ताव पिछले काफी अर्से से लंबित था। दो बार इस पुल निर्माण की मांग को लेकर महापंचायत आंदोलन भी कर चुकी है। दरअसल जीतुवाला जोहड़ दिनोद रोड रेलवे फाटक पार शहर की दर्जन भर कॉलोनियों का 50 हजार आबादी का इलाका आता है। इसके अलावा दिनोद रोड पर करीब छह गांवों की आबादी के लिए भी शहर को जोड़ने का ये सबसे छोटा रास्ता है।
पहले पुल निर्माण में कृष्णा कॉलोनी के लोगों ने अड़चन डाल दी थी, जिसे रेलवे के अधिकारियों ने स्थानीय लोगों के साथ मिलकर विभिन्न विभागों के अधिकारियों की मौजूदगी में सुलझा लिया था। इसके बाद मामला जीतुवाला फाटक पार छोर पर आ टिका। इस बार विवाद पुल निर्माण की वजह से लोगों को नोटिस थमाए जाने का था। आरओबी निर्माण में रामबाग से पहले कुछ मकान पुल निर्माण के दायरे के बीच आड़े आ रहे थे, जिन्हें अवैध निर्माण हटाने का बीएंडआर विभाग द्वारा नोटिस जारी कर दिए गए थे। अब विभाग ने इन लोगों को अंतिम नोटिस जारी कर दिए हैं।
विज्ञापन

महापंचायत ने किया आंदोलन : जीतूवाला क्षेत्र के लोगों की महापंचायत ने पुल निर्माण की मांग पुरजोर तरीके से उठाई। महापंचायत का कई दिनों तक फाटक पर धरना भी चला। विभिन्न जनसंगठनों के आंदोलन की वजह से ही स्थानीय विधायक घनश्याम सर्राफ ने भी इस मामले में मध्यस्थता करनी पड़ी। अब विधायक और बीएंडआर विभाग के साथ रेलवे विभाग के उच्चाधिकारियों के समक्ष भी फाटक 52सी पर आरओबी निर्माण के मसौदे पर विस्तृत मशविरा हो चुका है। जिसके बाद प्रदेश सरकार से भी फाटक 52सी पर आरओबी निर्माण की मंजूरी मिल चुकी है।
अंडर पास निर्माण में बाधा बना ऊंचा जलस्तर : आरओबी निर्माण की कवायद शुरू करने से पहले फाटक 52सी पर अंडर पास को मंजूरी दी गई थी। निर्माण के राशि भी जमा करा दी गई थी। कई बार सर्वेक्षण हुआ। मगर ये मामला सिर्फ इसलिए खटाई में पड़ गया, क्योंकि यहां भूमिगत जलस्तर काफी ऊंचा था। अंडर पास निर्माण में भूमिगत जलस्तर बाधा बन गया।
प्रदेश सरकार से जीतुवाला रेलवे फाटक 52सी पर आरओबी निर्माण को मंजूरी मिल चुकी है। बीएंडआर विभाग के अधिकारियों को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे मार्च माह में पुल निर्माण का काम हर हाल में शुरू करा दें, जबकि मार्च माह में रेलवे द्वारा भी टॉप सेक्शन निर्माण के टेंडर करा दिए जाएंगे। पुल का शुरूआती निर्माण बीएंडआर द्वारा कराया जाना है, इसलिए पहले बीएंडआर ही काम शुरू कराएगा।
- घनश्याम सर्राफ विधायक भिवानी।
पुलिस निर्माण की सभी औपचारिकताएं पूरी हो चुकी हैं। रेलवे विभाग के समक्ष टॉप सेक्शन निर्माण का मसौदा भेजा हुआ है। हालांकि अभी तक कोई आपत्ति नहीं लगी है, जल्द ही रेलवे की मंजूरी के बाद आरओबी निर्माण का काम शुरू करा दिया जाएगा।
विज्ञापन

- कृष्ण कुमार, कार्यकारी अभियंता, बीएंडआर विभाग।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें