बहल (भिवानी)। सिंघानी के शारदा महिला कॉलेज की छात्रा के आत्महत्या मामले से लोगों में प्रशासन के खिलाफ आक्रोश बढ़ता जा रहा है। वीरवार को बहल कस्बे में विभिन्न संगठनों के लोगों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि छात्रा के परिवार को इंसाफ नहीं मिलने पर आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
प्रदर्शनकारियों ने इस मामले में स्थानीय विधायक के खिलाफ केस दर्ज कराने की प्रशासन से मांग की। इस संबंध में लोगों ने राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम नायब तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा। वीरवार को बड़ी संख्या में लोग अनाज मंडी परिसर में एकत्र हुए। प्रदर्शनकारियों ने सिंघानी कॉलेज प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।
प्रदर्शनकारियों ने हाथों में बेटी के हत्यारोपियों को गिरफ्तार करो, बेटी को न्याय दो, स्वाभिमान से लड़ी हूं मैं, दरिंंदों से नहीं झुकी हूं मैं जैसे स्लोगन लिखी तख्तियां लेकर जोरदार प्रदर्शन शुरू किया। वे अनाज मंडी, नया बस स्टैंड, मैन बाजार, पिलानी रोड, अलख बाबा आश्रम रोड से होते हुए तहसील कार्यालय पहुंचे। पूर्व सरपंच रवि महमिया ने कहा कि चुनावों में मुफ्त शिक्षा का स्वांग करने वाले विधायक के ही कॉलेज में एक गरीब पिता की बेटी को फीस अदा नहीं कर पाने के कारण आत्महत्या के लिए मजबूर किया जाता है। इससे शर्मनाक घटना और कोई नहीं हो सकती है।
लोगों ने राज्यपाल व मुख्यमंत्री को दिए ज्ञापन में मांग की कि इस मामले में पीड़िता पक्ष को न्याय दिलाया जाए। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि प्रशासन तीन दिन में उनकी मांगों को पूरा करे नहीं तो तीन दिन बाद फिर से प्रदर्शन किया जाएगा। प्रदर्शनकारियों में सरपंच साधूराम पनिहार, पूर्व सरपंच रवि महमिया, पूर्व सरपंच गजानंद अग्रवाल, रविन्द्र कटारिया, सुनील शर्मा, सतबीर चैहड़, अजय बिधनोई, कर्मवीर गोकलपुरा, सुनील सिरसी, सुशील केडिया, रितेश बहल, पूर्व पंच रामनिवास खटीक, महंत विकास गिरी महाराज, बीडीसी वाइस चेयरमैन प्रमिला मान, महिला प्रधान कमलेश गोपालवास, जिला पार्षद रविन्द्र मंढोली, बंटू भीमवाल, महेन्द्र ठेकेदार, योगिता आदि मौजूद रहे।
ज्ञापन में यह रही मांगें
प्रदर्शनकारी लोगों ने नायब तहसीलदार कृष्ण कुमार को राज्यपाल व मुख्यमंत्री के नाम सौंपें ज्ञापन में मांग की कि सिंघानी कॉलेज की मान्यता रद्द कर उसमें पढ़ने वाली छात्राओं की किसी अन्य कॉलेेज में पढ़ाई की व्यवस्था की जाए, कॉलेज प्रबंधक के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया जाए, कॉलेज की छात्राओं की काउंसिलिंग करवाई जाए व छात्राओं की फीस माफी के नारे के बाद भी फीस वसूलने के मामले की जांच की जाए।