तोशाम। राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (महिला) में सत्र 2026-27 के लिए ऑनलाइन दाखिला प्रक्रिया जून के पहले सप्ताह से शुरू होगी। दाखिले के इच्छुक विद्यार्थियों को हरियाणा आईटीआई एडमिशन पोर्टल पर आवेदन करना होगा। संस्थान प्रशासन ने विद्यार्थियों से समय रहते सभी जरूरी दस्तावेज तैयार रखने की अपील की है।
दरअसल औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में दाखिला लेने के इच्छुक छात्र-छात्राएं हरियाणा आईटीआई एडमिशन पोर्टल पर जाकर आवेदन कर सकेंगे। दाखिले से संबंधित विवरण पत्रिका, संस्थानों की सूची, ट्रेडों व सीट मैट्रिक्स तथा अन्य जरूरी जानकारी पोर्टल पर उपलब्ध रहेगी। आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों को शैक्षणिक योग्यता प्रमाण-पत्र, चरित्र प्रमाणपत्र, जाति प्रमाणपत्र, आय प्रमाणपत्र, स्थायी निवासी प्रमाणपत्र और बैंक खाते की कॉपी सहित अन्य जरूरी दस्तावेज स्कैन कर अपलोड करने होंगे।
इसके साथ ही व्यक्तिगत ई-मेल आईडी, मोबाइल नंबर, परिवार पहचान पत्र और आधार नंबर अनिवार्य रहेगा। संस्थान प्रशासन ने कहा कि आवेदन फॉर्म भरते समय दस्तावेजों में किसी प्रकार की त्रुटि नहीं होनी चाहिए। इसलिए विद्यार्थी समय रहते सभी जरूरी दस्तावेज तैयार कर लें ताकि पोर्टल खुलते ही आवेदन किया जा सके।
राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में दाखिलों के लिए निदेशालय द्वारा शेड्यूल जारी किया गया है। जून के प्रथम सप्ताह में दाखिलों के लिए ऑनलाइन प्रक्रिया शुरू होगी। इसलिए आईटीआई में दाखिला लेने के इच्छुक विद्यार्थी समय-समय पर अधिकारिक वेबसाइट पर विजिट करते रहे। -मोनिका, प्राचार्य, राजकीय महिला आईटीआई, तोशाम।
एक जून से शुरू होंगे आदर्श महिला महाविद्यालय के 45 दिवसीय समर कोर्स
भिवानी। शहर के आदर्श महिला महाविद्यालय में एक जून से 45 दिवसीय समर कोर्स शुरू किए जाएंगे। 15 जुलाई तक चलने वाले इन कोर्सों में छात्राओं को कुकिंग, आर्ट एंड क्राफ्ट, म्यूजिक और सिलाई का प्रशिक्षण दिया जाएगा। महाविद्यालय प्रशासन ने बताया कि कोर्स केवल छात्राओं के लिए होंगे और सीटें सीमित रखी गई हैं।
महाविद्यालय प्रशासन के अनुसार समर कोर्स में इंटर्नशिप करने वाली छात्राएं भी हिस्सा ले सकेंगी। कोर्स की फीस 1500 रुपये निर्धारित की गई है। प्रतिदिन सुबह 9 बजे से 11 बजे तक दो घंटे की कक्षाएं लगेंगी। इन कोर्सों के लिए न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता 12वीं पास निर्धारित की गई है। प्राचार्य डॉ. अलका मित्तल ने बताया कि समर कोर्स के माध्यम से छात्राएं नई स्किल सीखकर अपने बेहतर भविष्य का निर्माण कर सकती हैं। उन्होंने कहा कि छात्राओं को आत्मनिर्भर बनाने और व्यावहारिक ज्ञान देने के उद्देश्य से ये कोर्स आयोजित किए जा रहे हैं।