भिवानी। एचआईवी संक्रमित दूल्हे के परिजनों ने एक और शर्मनाक करतूत कर डाली। बड़े बेटे की बीमारी की पोल खुलने पर उन्होंने छोटे बेटे की शादी का प्रस्ताव लड़की वालों के सामने रख दिया। दुल्हन पक्ष जब इस पर राजी हुआ तो 10 लाख नकद और कार की मांग करने लगे। बोले कि बेटा फाैजी है, इतना दहेज तो देना ही पड़ेगा। इससे आहत लड़की के परिजनों ने पुलिस में शिकायत दर्ज करा दी है। पुलिस आरोपों की जांच में जुटी है।
लड़की के परिजनों ने बताया कि महम क्षेत्र के एक गांव में उन्होंने शादी तय की थी। लड़के वालों ने उनसे बेटे के एचआईवी संक्रमित होने की बात छिपाई। जब उन्हें इसकी जानकारी चिकित्सकों से हुई तो वह गांव के गण्यमान्य लोगों के साथ महम पहुंचे। लड़के वालों ने अपनी गलती पर माफी मांगते हुए कहा कि यदि वह चाहें तो छोटे बेटे से शादी कर सकते हैं।
सलाह मशविरा के बाद लड़की वाले राजी हो गए। इसके बाद उन्होंने कहा कि आप जाएं हम बरात लेकर आ जाएंगे। इस पर वे लोग लाैट आए। काफी इंतजार के बाद भी जब बरात नहीं आई तो लड़के वालों को फोन किया गया। फोन पर लड़के वालों ने कहा कि हमारा छोटा बेटा सेना में तैनात है। उसकी शादी ऐसे ही नहीं हो सकती। यदि करनी है तो 10 लाख नकद और गाड़ी-गहने देने पड़ेंगे।
यह सुनकर लड़की वालों के होश उड़ गए। उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस में दर्ज करा दी। उन्होंने पुलिस को कॉल रिकॉर्डिंग भी दी है। सदर थाना पुलिस का कहना है कि स्वास्थ्य विभाग की टीम की सूचना पर उन्होंने शादी रुकवाई थी। लड़की पक्ष की तरफ से शादी से पहले दहेज मांगने के लगाए गए आरोपों की छानबीन की जा रही है।
पिता ने साहूकार से लिया था कर्जा
शादी के मंडप में दुल्हन के लिबास में बैठी बेटी की हालत देखकर पिता अभी तक सदमे में हैं। वह इस अप्रत्याशित घटनाक्रम से हतप्रभ हैं। शनिवार को उनका दर्द फूट पड़ा। बोले-बेटी के हाथ पीले करने के लिए उन्होंने साहूकार से कर्ज लिया था। लेकिन इस तरह धोखा उनके साथ हो जाएगा, वह सोच भी नहीं सकते थे।
रोहतक के चिकित्सकों ने रुकवाई थी शादी
भिवानी जिले के गांव में महम क्षेत्र के एक गांव से बरात आनी थी। लेकिन ऐन वक्त पर रोहतक पीजीआई के चिकित्सकों ने दूल्हे के एचआईवी संक्रमित होने की जानकारी लड़की पक्ष को दी। इसके बाद चिकित्सक दूल्हे को अपने साथ ले गए थे। शनिवार को पूरा दिन इस घटनाक्रम की चर्चा रही।