भिवानी। एडीसी दीपक बाबूलाल करवा की अध्यक्षता में लघु सचिवालय स्थित डीआरडीए सभागार में कुपोषण मुक्त गांव अभियान की समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में एडीसी ने 57 चयनित गांवों में कुपोषण की स्थिति पर चर्चा की और सुपरवाइजरों से ग्रामीण स्तर पर किए गए प्रयासों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि बच्चों के पोषण संबंधित जानकारी एकत्रित कर कुपोषण को मिटाना मुख्य उद्देश्य होना चाहिए।
एडीसी ने 20 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को बाल्यावस्था देखभाल और शिक्षा में उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि वे माइक्रो प्लान के तहत हर महीने हेल्थ चेकअप के लिए सुपरवाइजर और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के साथ समन्वय स्थापित करें।
इसके अलावा, एडीसी ने पंचायती प्रतिनिधियों को आंगनबाड़ी केंद्रों में बुलाकर बच्चों की ऊंचाई और वजन का सत्यापन करने का निर्देश दिया। उन्होंने महिला एवं बाल विकास विभाग के साथ मिलकर स्कूलों में पोषण कार्यशालाएं आयोजित करने की बात भी की।
बैठक में बताया गया कि नवंबर महीने में 39 अति कुपोषित बच्चों की संख्या घटकर दिसंबर में 14 हो गई है जबकि अन्य कुपोषित बच्चों की संख्या में भी कमी आई है। इस मौके पर डीईओ निर्मल दहिया, डीईईओ विनय कुमार जिंदल, महिला एवं बाल विकास विभाग की जिला कार्यक्रम अधिकारी वैशाली, जिला पोषण समन्वयक डॉ. मृदुल मौजूद रहे।