अमर उजाला ब्यूरो
भिवानी
राज्य स्तरीय अनिश्चितकालीन धरने के 47वें दिन दिव्यांगों ने मांगों को लेकर शहर में प्रदर्शन किया। दिव्यांग सुबह नौ बजे नेहरू पार्क में एकत्र हुए और हल्लाबोल रैली व प्रदर्शन करते हृुए लघु सचिवालय पहुंचे। डीसी को ज्ञापन सौंपने के चक्कर में दिव्यांग सदस्य 2 घंटे तक लघु सचिवालय के गेट पर खड़ी पुलिस के साथ उलझते रहे। दिव्यंागों ने गेट पार कर डीसी ऑफिस में घुसने का प्रयास किया लेकिन पुलिस के सामने दिव्यांगों का जोर नहीं चल पाया। इसके बाद दिव्यांग रोड पर जाकर लेट गए और 15 मिनट तक जाम वाहनों को रोके रखे। दो घंटे के इंतजार के बाद एसडीएम सतीश कुमार दिव्यांगों से ज्ञापन लेने के लिए पहुंचे। वहां दिव्यांगों ने एसडीएम को खरी-खोटी सुनानी शुरू कर दी।
बुधवार को भिवानी में ऑल हरियाणा दिव्यांग संघर्ष समिति के बैनर तले दिव्यांगों ने भिवानी में हल्लाबोल रैली निकाली और शहर में प्रदर्शन करते हुए लघु सचिवालय पहुंचे। डीसी को ज्ञापन सौंपने के चक्कर में दिव्यांग दो घंटे तक लघु सचिवालय के गेट के समक्ष बैठे रहे और पुलिस के साथ झड़प करते रहे। डीसी साहब के न आने पर दिव्यांगों ने रोड को जाम करने का निर्णय लिया और रोड पर जाकर लेट गए। लेकिन डीसी साहब को दिव्यांगों का कोई ख्याल नहीं आया। तेज धूप के कारण दो दिव्यंाग सदस्य बेहोश हो गए। दिव्यांगों को उग्र देख ज्ञापन लेने के लिए जिला प्रशासन ने पहले डीपीआरओ को भेजा पर उन्होंने ज्ञापन नहीं दिया, उसके बाद तहसीलदार को भेजा उनको भी ज्ञापन नहीं दिया । अंत में दिव्यांगों ने एसडीएम को ज्ञापन सौंप प्रदर्शन खत्म किया। 47 वे दिन दिव्यांगों ने कहा जब तक हमारा नया अधिनियम हरियाणा विधायिका नियम बनाकर पूर्ण रूप से लागू नहीं करती हम धरने पर से उठने वाले नहीं हैं। यही नहीं तो 25 मई को प्रदेश भर से दिव्यांग करनाल की सड़कों पर उतरेंगे। यदि फिर भी उनकी मांगे नहीं मानी तो वे प्रदेश स्तरीय आंदोलन खड़ा करेंगे।