भिवानी में अब तक मलेरिया फैलाने वाला मादा एनाफ्लीज मच्छर ही आतंक फैला रहा था मगर अब डेंगू के मच्छर ने भी अपने डंक का कहर बरपाना शुरू कर दिया है। डेंगू के दो मरीज सामने आए है। दोनों ही संडवा गांव के है, जिन्हें उपचार के लिए हिसार के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दोनों की हालत में फिलहाल काफी सुधार है। डेंगू ही नहीं मलेरिया का कहर भी बरकरार है और मलेरिया पॉजिटिव मरीजों का आंकड़ा 199 तक पहुंच गया है।
पिछले सप्ताह तोशाम क्षेत्र के गांव संड़वा के एक 23 वर्षीय युवक व करीब 25 वर्षीय युवती को हिसार के एक अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती कराया गया है। टेस्ट के बाद पुष्टि हुई है कि दोनों को डेंगू है। हिसार स्वास्थ्य विभाग ने इस बारे में भिवानी स्वास्थ्य विभाग को सूचित किया। स्वास्थ्य विभाग भिवानी ने दोनों मरीजों की जानकारी जुटा, उनके घर के आसपास फोगिंग करवाई और परिवार के सदस्यों को एहतियात के तौर पर दवा दी। दोनों मरीज फिलहाल हिसार अस्पताल में ही भर्ती है और उनकी स्थिति में अब काफी सुधार है। डेंगू मरीज सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, कर्मचारी भी सकते है और मच्छरों की रोकथाम के लिए गांवों में अभियान तेज किया गया है।
मलेरियां का आंकड़ा पहुंचा 199
जिले में मलेरिया का आंकड़ा 199 तक पहुंच गया है। शहर और गांवों में खाली प्लॉटों में जमा पानी में मच्छर पनप रहे है। जिनसे मलेरिया का ढंक खतरनाक होता जा रहा है। शहर में भी मलेरिया फैलाने वाला मच्छर मादा एनाफ्लीज खतरनाक हो रहा है। इसका कारण है मच्छरों के नियंत्रण के लिए कोई प्रयास नहीं होना। दरअसल स्वास्थ्य विभाग ने इस बार फोगिंग का जिम्मा नगर परिषद को सौंप दिया है। नगर परिषद की ओर से शहर में कहीं कोई फोगिंग नहीं करवाई जा रही। हर रोज करीब 60 मलेरिया टेस्ट अकेले सामान्य अस्पताल की लैब में हो रहे है।
डेंगू ने पिछले वर्ष बरपाया था कहर
डेंगू बीमारी ने पिछले वर्ष जमकर कहर बरपाया था। भिवानी में करीब दो सौ मरीज सामने आए थे। इस बार वैसे तो स्थिति नियंत्रण में है मगर लोगों खासकर स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों में डर है कि पिछले वर्ष जैसे हालात न बने। एहतियातन हर मरीज की गंभीरता से जांच की जा रही है।
हिसार से सूचना आई थी कि डेंगू पॉजिटिव दो मरीज वहां भर्ती है। इनकी हालत फिलहाल ठीक है। उनके घर के आसपास दवा का छिड़काव करा दिया गया है और उनके परिजनों को भी दवाई दी गई है। डेंगू का कोई और केस नहीं है। मलेरिया फिलहाल नियंत्रण में है। विभाग के पास पर्याप्त मात्रा में दवाइयां है।
डा. यतिन गुप्ता, डिप्टी सिविल सर्जन