भिवानी। सुंदर प्रणाली की सुंदर सब ब्रांच और जूई नहर में रविवार को 872 क्यूसेक पानी पहुंचा। देर रात तक इस प्रणाली की नहरों में धीरे-धीरे पानी का स्तर बढ़ेगा। अब जूई नहर से शहर के पुराने जलघर के टैंकों को लगातार 24 जून तक नहरी पानी मिलेगा। इससे जल्द ही शहर में पानी की राशनिंग खत्म होने की उम्मीद है।
फिलहाल जलघर के टैंकों को चार दिनों से अतिरिक्त नहरी पानी भी मिला। इसके बावजूद शहर गंभीर जल संकट के दौर से गुजर रहा है। पानी न मिलने के कारण लोगों का आक्रोश भी बढ़ रहा है लेकिन अब नहरों में पानी आने के बाद राहत की उम्मीद है। नहरों में पानी आने के दौरान प्री मानसून की दस्तक की भी उम्मीद है। इससे भी पानी की मांग कम होने पर जल संकट खत्म होगा।
सिंचाई विभाग के नहरी शेड्यूल के हिसाब से रविवार को सुंदर नहर में 699 क्यूसेक पानी पहुंचा जबकि सुबह मोहला हेड पर 121 क्यूसेक पानी पहुंचा था। फिलहाल मिताथल फीडर में पानी नहीं आया है। वहीं, जूई फीडर में 173 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। बाद में ये 191 क्यूसेक तक बढ़ा। जूई नहर में भी देर रात तक पानी का स्तर धीरे-धीरे बढ़ेगा। सिंचाई विभाग ने सुंदर प्रणाली में 2,250 क्यूसेक पानी की मांग की है।
सिंचाई विभाग के अधिकारियों का दावा है कि मांग के अनुरूप ही इस बार नहरी पानी मिलेगा। इस बार शहर में जलसंकट गहराने की वजह से सुंदर में करीब पांच दिनों से अतिरिक्त पानी दिया जा रहा है। हालांकि इस अतिरिक्त पानी से अधिकतर ग्रामीण जलघर के सूख चुके टैंकों को पानी भंडारण में मदद मिली है, लेकिन शहर के जलघर टैंकों तक पानी का पर्याप्त भंडारण नहीं हो पाया है।
इसकी एक वजह यह भी है कि जूई नहर से चैनल में लिफ्टिंग से पानी डाला जाता है, अगर नहर में पानी का स्तर कम है तो पंपों से पानी लिफ्ट करने में भी परेशानी होती है। यही वजह है कि हर बार नहर बंद होने से पहले ही पुराने जलघर के टैंक खाली रह जाते हैं।
जूई नहर में रविवार को पानी छोड़ा गया है। ये पानी अब लगातार 24 जून तक शहर के पुराने जलघर के टैंकों को मिलता रहेगा। इस बार मांग के अनुरूप पर्याप्त नहरी पानी मिलने की उम्मीद है। सोमवार से सभी नहरों में पानी चलेगा। -अमनदीप देशवाल, कार्यकारी अभियंता, जूई वाटर सर्विसेज, सिंचाई विभाग, भिवानी।
जलघर के टैंकों में पानी अभी संतोषजनक नहीं है। जलघर के टैंकों तक पानी पहुंचाने वाले चैनल तक पानी नहीं पहुंचा है। शहर के जलघर के टैंकों में पानी का पर्याप्त भंडारण होते ही पर्याप्त पानी मिलेगा और शहर को रोजाना नियमित पेयजल आपूर्ति होगी। -ताजदीन, जेई, शहरी पेयजल शाखा, जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, भिवानी।