भिवानी। नाबालिग लड़की से दुष्कर्म और जान से मारने की धमकी देने के मामले में फास्ट ट्रैक कोर्ट ने दोषी को 20 साल की कैद और 35 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है।
पुलिस प्रवक्ता अभिषेक यादव ने बताया कि फास्ट ट्रैक कोर्ट की अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सोनिका की अदालत ने नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी को 20 साल की सजा सुनाई है। फास्ट ट्रैक कोर्ट ने पोक्सो एक्ट में 20 साल की सजा व 25 हजार रुपये जुर्माने की सजा की है, जबकि धमकी देने पर आईपीसी की धारा 506 के तहत सात साल की कैद व दस हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। कोर्ट ने दोषी पर कुल 35 हजार रुपये का जुर्माना किया है। जुर्माना राशि न भरने पर अतिरिक्त सजा का भी प्रावधान किया है।
कोर्ट में पेश चालान के अनुसार बवानीखेड़ा पुलिस थाने में 2019 में एक केस दर्ज हुआ था। जिसमें एक नाबालिग लड़की की मां ने उसकी बेटी के साथ प्लॉट में ले जाकर एक युवक पर दुष्कर्म किए जाने व इसके बारे में किसी को कुछ बताने पर जान से मारने की धमकी का आरोप लगाया था। बवानीखेड़ा पुलिस ने नाबालिग लड़की से दुष्कर्म मामले में नरेंद्र के खिलाफ केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। इसी मामले की सुनवाई में फास्ट ट्रैक कोर्ट ने नरेंद्र को 20 साल की सजा सुनाई है। पुलिस अधीक्षक अजीत सिंह ने बताया कि महिला व बाल अपराधों के मामले में पुलिस तत्परता से कार्रवाई कर आरोपियों की धरपकड़ कर पीड़ितों को न्याय दिलाने का हर संभव प्रयास कर रही है।