हरियाणा प्रदेश में कुरुक्षेत्र को चावल उत्पादन में प्रदेश का सर्वश्रेष्ठ जिला चुना गया है। जिले में वर्ष 2012-13 में 4301 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर चावल का उत्पादन करने पर मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने जिला कुरुक्षेत्र को सम्मानित किया है।
झज्जर में 19 जनवरी को आयोजित राज्यस्तरीय किसान सम्मेलन में कृषि विभाग के उपनिदेशक डॉ. सुरेंद्र सिंह ने सर्वश्रेष्ठ जिले का अवार्ड हासिल किया है। अहम पहलू यह है कि पूरे हरियाणा में फसल विविधीकरण में महत्वपूर्ण योगदान देने पर हर जिले में एक किसान और एक पंचायत को भी सम्मानित किया है।
जिला कुरुक्षेत्र में फसल विविधीकरण में अहम योगदान देने पर एडवोकेट विरेंद्र सिंह सांवला और सर्वश्रेष्ठ पंचायत का पुरस्कार मेहरा के सरपंच यतेंद्र वर्मा को मिला है। इस उपलब्धि पर उपायुक्त निखिल गजराज के साथ-साथ तमाम अधिकारियों ने कृषि विभाग के अधिकारियों को बधाई दी है।
कृषि विभाग के उपनिदेशक डॉ. सुरेंद्र सिंह ने बताया कि राज्य सरकार की ओर से कृषि के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने वाले जिलों, पंचायतों, किसानों और अधिकारियों को समय-समय पर प्रोत्साहित करने के लिए सम्मानित किया जाता है।
इस योजना के तहत झज्जर में 19 जनवरी को राज्य स्तरीय किसान सम्मेलन में कुरुक्षेत्र को वर्ष 2012-13 में चावल उत्पादन करने में सर्वश्रेष्ठ जिले का अवार्ड दिया है। इस अवार्ड में मुख्यमंत्री भपूेंद्र सिंह हुड्डा ने प्रमाण पत्र, स्मृति चिन्ह और एक लाख रुपये नकद दिया है।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2012-13 में जिला कुरुक्षेत्र में एक लाख 48 हजार कृषि योग्य भूमि में एक लाख 18 हजार हेक्टेयर में धान की बिजाई की। इस फसल से मीलिंग के बाद जिला कुरुक्षेत्र में 5 लाख 8 हजार मीट्रिक टन चावल का उत्पादन हुआ और 4301 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर चावल हुआ, जबकि वर्ष 2011-12 में एक लाख 21 हजार हेक्टेयर भूमि से 3795 किलो ग्राम प्रति हेक्टेयर चावल के हिसाब से 4 लाख 59 हजार मीट्रिक टन चावल का उत्पादन हुआ था।
उन्होंने बताया कि उपायुक्त निखिल गजराज के दिशा निर्देशानुसार इस वर्ष साठी धान नहीं लगाया गया। इसकी शून्य रिपोर्ट मुख्यालय भेजी गई है। इस महत्वपूर्ण उपलब्धि में एसडीओ जितेंद्र मेहता, मदन राणा सहित कई अधिकारियों ने महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
एडवोकेट विरेंद्र सिंह को 51 हजार रुपये का पुरस्कार
उपनिदेशक डॉ. सुरेंद्र सिंह ने बताया कि सांवला के किसान और जिला किसान क्लब के प्रधान एडवोकेट विरेंद्र सिंह ने फसल विविधीकरण अपनाने के साथ-साथ आसपास क्षेत्र में लोगों को जागरूक किया है।
किसान विरेंद्र सिंह ने गेहूं, जीरी की फसल को छोड़कर ड्रिप इरीगेशन प्रणाली से गन्ना और आलू की फसल लगाई। मक्की व आर्गेनिक हल्दी और बागवानी को बढ़ावा दिया।
इसके लिए मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने विरेंद्र सिंह को कुरुक्षेत्र जिले का सर्वश्रेष्ठ पुरस्कार दिया। इस पुरस्कार में प्रशंसा पत्र और 51 हजार रुपये की राशि दी गई है।
गांव मेहरा को मिला 10 लाख का ईनाम
मुख्यमंत्री भपूेंद्र सिंह हुड्डा ने फसल विविधीकरण में महत्वपूर्ण योगदान देने पर गांव मेहरा के सरपंच यतेंद्र वर्मा को सर्वश्रेष्ठ पंचायत के अवार्ड से सम्मानित किया है। इस अवार्ड के साथ पंचायत को 10 लाख रुपये की राशि भी दी गई है। यह राशि कृषि विभाग के मार्गदर्शन में गांव के कृषि क्षेत्र में कार्य करने के लिए खर्च की जाएगी।