नारायणगढ़ अनाजमंडी का निरीक्षण करतीं एसडीएम। प्रवक्ता
अधिकारियों का दावा- बारदाना पर्याप्त
संवाद न्यूज एजेंसी
नारायणगढ़। अनाज मंडी में बुधवार से गेहूं की सरकारी खरीद आधिकारिक रूप से शुरू हो गई। हालांकि एक भी किसान खरीद के पहले दिन गेहूं लेकर नहीं आया। गेहूं खरीद का जिम्मा हैफेड और स्टेट वेयरहाउस को सौंपा गया है। हैफेड सोमवार, बुधवार और शुक्रवार को खरीद करेगा जबकि स्टेट वेयरहाउस द्वारा मंगलवार, वीरवार और शनिवार को खरीद की जाएगी। एजेंसियों के अधिकारियों का दावा है कि बारदाना पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है और तैयारियां पूरी हैं। मौसम में नमी के कारण अभी तक गेहूं की एक भी ढेरी मंडी में नहीं पहुंची है।
सरकार ने सरसों का न्यूनतम समर्थन मूल्य 6,200 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया है। इसके उलट, नारायणगढ़ मंडी के आढ़ती किसानों को 6,235 से 6,250 रुपये तक का भाव दे रहे हैं। यही कारण है कि कोई भी जमींदार सरकारी एजेंसी को सरसों बेचकर राजी नहीं है। आंकड़ों के मुताबिक, 1 अप्रैल तक आढ़ती लगभग 500 क्विंटल सरसों ऊंचे दामों पर खरीद चुके हैं।
एसडीएम का औचक निरीक्षण
बुधवार को एसडीएम नारायणगढ़ ने अनाज मंडी का औचक दौरा किया। उन्होंने मंडी में व्यवस्थाओं का जायजा लिया और आढ़तियों की समस्याओं को करीब से जाना। एसडीएम ने मार्केट कमेटी के सचिव अखिलेश शर्मा को सख्त निर्देश दिए कि गेहूं और सरसों की खरीद प्रक्रिया में किसी भी किसान या आढ़ती को परेशानी नहीं होनी चाहिए। मार्केट कमेटी सचिव अखिलेश शर्मा ने किसानों से अपील की है कि वे अपनी गेहूं की फसल को अच्छी तरह सुखाकर ही मंडी में लाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि नमी के कारण खरीद में दिक्कत आ सकती है, इसलिए किसान सावधानी बरतें ताकि उन्हें फसल बेचने में असुविधा न हो।