भारत सरकार के जल शक्ति मंत्रालय के तत्वावधान में की-रिसोर्स सेंटर ग्रीन अर्थ संगठन, कुरुक्षेत्र द्वारा जल जीवन मिशन के तहत कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। इसमें साहा की 30 ग्राम जल और सीवरेज समितियों के सदस्यों को आवासीय क्षमता संवर्धन का प्रशिक्षण दिया जा है।
बुधवार को कार्यक्रम का शुभारंभ पद्मश्री बलबीर सिंह सींचेवाल के किया। उन्होंने कहा कि जल क्रांति समय की जरूरत है। यह ग्राम पंचायतों की सक्रिय भागीदारी से ही संभव होगा। ग्राम जल और सीवरेज समिति को सशक्त कर जल जीवन मिशन के उद्देश्य की प्राप्ति होगी। कार्यक्रम की अध्यक्षता ग्रीन अर्थ संगठन के डॉ. नरेश भारद्वाज ने की। उन्होंने बताया कि हर घर तक साफ, स्वच्छ, निरंतर जल पहुंचे, यही जल शक्ति मंत्रालय का संकल्प है। इसके लिए जनसमुदाय सहभागिता का होना अति आवश्यक है।
कार्यक्रम समन्वयक डॉ. मोनिका शर्मा ने बताया कि जल जीवन मिशन के प्रभावी और सफल क्रियान्वयन हेतु ग्राम जल व सीवरेज समिति के पदाधिकारियों व सदस्यों की क्षमता का संवर्धन किया जाना जरूरी है। ताकि पेयजल योजना का ग्रामीण क्षेत्र में प्रभावी रूप से क्रियान्वयन हो सके। उन्होंने वीडब्ल्यूएससी सदस्यों की पूरी भूमिका और महिलाओं की भूमिका पर प्रकाश डाला। डॉ. ईश्वर सिंह द्वारा प्रतिभागियों से विस्तृत एक्शन प्लान बनवाया गया। इस मौके पर ग्रीन अर्थ संगठन से सुशील कुमार और कुलदीप कुमार, जिला सलाहकार अमित खोसला, डॉ. मंजू शर्मा, डॉ. संदीप, डॉ. ईश्वर सिंह, अमित कौशिक, मंदीप कुमार, आकांशा कुमारी, सोनिया, ऋतु, खुशबू आदि मौजूद रहे।
इन गांव के सदस्यों ने लिया भाग
प्रशिक्षण कार्यक्रम में गांव नहोनी, हमीदपुर, गोकलगढ़, गोला, टमनोली, रामपुर, रामगढ़, तलहेड़ी गुजरन, टपरिया, ठारवा, उपलाना, ठाकुरपुरा, केसरी, फुलेल माजरा, खारुखेड़ा, अकबरपुर चुड़ियाली, दुबली, नारायणगढ़ माजरा, लंगर, लंडा, खानपुर संभालखा, शेरगढ़, तेपला, हरड़ा, छपरा, महमूदपुर, टोबा साबापुर, समलेहड़ी, मेहताबगढ़ के प्रतिनिधि शामिल रहे।