अतिरिक्त उपायुक्त आरके सिंह ने बताया कि धान के अवशेष और पराली जलाने के मामले में पर्यावरण विभाग की ओर से किसानों को जागरूक करने के साथ-साथ इसके लिए जुर्माने और कानूनी प्रावधानों को सती से लागू करने के निर्देश दिए।
इसके लिए जिला स्तर पर उपायुक्त की अध्यक्षता में पहले से ही समिति गठित की हुई है और उपमंडल स्तर पर तहसीलदार, कृषि विभाग के उपमंडल अधिकारी और बीडीपीओ की कमेटी को कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने बताया कि पर्यावरण विभाग के प्रधान सचिव श्रीकांत वाल्गद की ओर से भी वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से सभी जिला उपायुक्तों को अपने-अपने जिला में किसानों को जागरूक करने और जुर्माने के प्रावधानों को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए गए हैं। अतिरिक्त उपायुक्त सोमवार को इन प्रावधानों की सख्ती से अनुपालन करने के लिए अधिकारियों की एक बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। पर्यावरण और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा फसलों के अवशेष व पराली जलाने पर जुर्माने का प्रावधान किया हुआ है। इसके तहत दो एकड़ भूमि तक के किसान पर 2500 रुपये, 5 एकड़ भूमि तक के किसान पर 5 हजार रुपये और 5 एकड़ या उससे अधिक भूमि के मालिक किसान पर 15 हजार रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान किया गया है।