अंबाला। रेलवे ने दैनिक ट्रेनों में भीड़ कम करने के लिए बेशक विशेष ट्रेनाें का संचालन कर दिया है और विशेष का टैग लगाकर अधिक किराये की भी वसूली कर दी है।
विशेष ट्रेनों के सही समय पर न चलने का खामियाजा यात्रियों को भुगतना पड़ रहा है। न तो उन्हें रेलवे की वेबसाइट से विशेष ट्रेनों के आगमन की जानकारी मिल रही है और न ही पूछताछ केंद्र से। मजबूरन यात्रियों को स्टेशन पर पहुंचकर घंटों ट्रेन का इंतजार करना पड़ रहा है। रविवार को भी अमृतसर सहित चंडीगढ़ की तरफ से आने वाली विशेष ट्रेनें घंटों की देरी से अंबाला कैंट स्टेशन पर पहुंची।
विशेष ट्रेनों के संचालन की स्थिति
ट्रेन नंबर 03312 चंडीगढ़-धनबाद विशेष ट्रेन के संचालन का समय सुबह छह बजे चलने का है। ये ट्रेन साढ़े आठ घंटे की देरी से दोपहर दो बजे चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन से रवाना हुई। इसी प्रकार 04652 अमृतसर-जयनगर साढ़े सात घंटे की देरी से, 04517 वाराणसी-बठिंडा तीन घंटे की देरी से गंतव्य स्टेशन पर पहुंची।
देरी से चलने वाली
ट्रेन नंबर 14735 श्रीगंगानगर-अंबाला कैट 20 मिनट की देरी से, 22552 जालंधर सिटी-दरभंगा एक्सप्रेस 1:30 घंटे, 22424 अमृतसर-गोरखपुर एक्सप्रेस 40 मिनट, 12752 जम्मूतवी-नांदेड़ हमसफर 30 मिनट, 14673 जयनगर-अमृतसर शहीद एक्सप्रेस 4 घंटे, 14507 दिल्ली-फाजिल्का एक्सप्रेस 50 मिनट, 12357 कोलकाता-अमतसर दुर्गियाना एक्सप्रेस 2 घंटे, 20807 विशाखापट्नम-अमृतसर हीराकुंड एक्सप्रेस 1 घंटा, 14521 दिल्ली-अंबाला एक्सप्रेस 30 मिनट से गंतव्य स्टेशन पर पहुंची।
रेलवे ने बढ़ाई निगरानी
विशेष ट्रेनों में सफर करने वाले यात्री सोशल मीडिया के माध्यम से अपना रोष जाहिर करते हुए रेलवे को शिकायत भेज रहे हैं। इन शिकायतों पर संज्ञान लेते हुए रेलवे ने एक विशेष सैल के गठन के निर्देश दिए हैं जोकि मंडल स्तर पर देरी से चलने वाली ट्रेनों की निगरानी करेंगे कि आखिकार ये ट्रेनें क्यों लेट हो रही हैं और इन्हें निर्धारित समय पर कैसे चलाया जा सकता है।
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विशेष ट्रेनों का बैलगाड़ी बनाकर रख दिया है। जब चाहे जहां बीच रास्ते रोक दिया। यह ट्रेनें रोजाना आठ से दस घंटे की देरी से स्टेशन पहुंच रही हैं और खामियाजा यात्रियों को उठाना पड़ रहा है।
ओंकार सिंह।
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विशेष ट्रेनों का दर्जा तो दे दिया गया, लेकिन विशेष ट्रेनों का सही समय पर नहीं चलाया गया। ऐसी विशेष ट्रेनों को बंद कर देना चाहिए जो यात्रियों के लिए परेशानी बन रही हैं।
कुशी शिव।
ऐसा नहीं है कि विशेष ट्रेनों को निर्धारित समय पर चलाने के लिए रेलवे द्वारा कार्रवाई नहीं की जा रही। रेलवे ट्रैक से जुड़े कार्य को लेकर भी कई बार ट्रेनें बीच रास्ते के स्टेशनों पर लेट हो जाती हैं। हमारी पूरी कोशिश है कि विशेष ट्रेनों को निर्धारित समय पर ही संचालित किया जाए।
नवीन कुमार, वरिष्ठ वाणिज्य प्रबंधक, अंबाला मंडल।
अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन के परिसर में ट्रेन के इंतजार में बैठे यात्री। संवाद
अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन के परिसर में ट्रेन के इंतजार में बैठे यात्री। संवाद