किसान आंदोलन के चलते आएएफ बटालियन की ड्यूटी में लगी प्राइवेट गाड़ी के चालक से सायरन बजाने पर गाली-गलौज व मारपीट हो गई। घायल चालक जंडली निवासी बबलू सिंह ने आरोप लगाया है कि प्राइवेट बस के परिचालक ने नशे की हालत में मारपीट की। गाड़ी में आरएएफ के अधिकारी मौजूद होने के बावजूद भी नहीं रूका। अंबाला सिटी की चौकी नंबर-2 पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
पुलिस को दी शिकायत में राजपुरा के धमौली गांव निवासी बबलू सिंह ने बताया कि वह मौजूद समय में जंडली में किराये पर रह रहा है और शांति नगर में रोहित शर्मा के पास ड्राइवरी करता है। रोहित शर्मा की टैक्सी को आरटीओ अंबाला द्वारा किसान आंदोलन के चलते शंभू बॉर्डर पर लगाया गया है। उनकी गाड़ी आरएएफ की बटालियन 106 में लगी हुई है।
13 मार्च की शाम वह गाड़ी में आरएएफ के शैलेंद्र कुमार सिंह, सहायक कमांडेंट सरोज कुमार झा व गनमैन हैड कांस्टेबल चंदन सिंह को लेकर शंभू बॉर्डर से अंबाला सिटी की तरफ आ रहा था। जैसे ही वह शाम के समय पुलिस चौकी नंबर-2 क्षेत्र स्थित पीली कोठी के नजदीक पहुंचा तो वहां पर जाम लगा हुआ था। जैसे ही उसने गाड़ी का सायरन बजाया तो उनकी गाड़ी के पास एक प्राइवेट बस का परिचालक नशे की हालत में आया और गली गलौज शुरू कर दी। बोलने लगा कि तुम गाड़ी का सायरन क्यों बजा रहे हो। गाड़ी पर बत्ती क्यों लगा रखी है। जब उसने बोला कि गाड़ी में साहब बैठे हुए है। इतने में परिचालक उसकी गाड़ी के शीशे पर जोर-जोर से हाथ मारने लगा। जब वह गाड़ी से बाहर निकला तो उसके साथ हाथापाई शुरू कर दी।