अंबाला। शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत मुफ्त दाखिले का सपना देख रहे सैकड़ों परिवारों के लिए शुक्रवार का दिन अच्छा नहीं रहा। दस्तावेज सत्यापन के अंतिम दिन खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय में सुबह से अभिभावकों की भीड़ रही लेकिन अंततः कई अभिभावकों को मायूसी हाथ लगी।
अभिभावकों ने आरोप लगाया कि विभाग ने अंतिम समय में उन पर अपडेटेड परिवार पहचान पत्र और मूल निवास प्रमाणपत्र की शर्त थोप दी। इसकी पहले कोई पूर्व सूचना नहीं थी। घंटों कतार में खड़े रहने के बाद जब अभिभावकों की बारी आई, तो दस्तावेजों में खामी बताकर उन्हें लौटा दिया गया।
पोर्टल हुआ बंद : दोपहर दो बजे तक चले हंगामे के बीच कई अभिभावक बैरंग लौटे। अब पोर्टल बंद होने से इन बच्चों के दाखिले पर तलवार लटक गई है। निदेशालय के स्पष्ट निर्देशों के कारण बिना भौतिक सत्यापन आवेदन पर विचार नहीं होगा। विभाग के अनुसार दस्तावेज सत्यापन की अंतिम तारीख 24 अप्रैल घोषित की गई थी। अंबाला की डीईईओ ज्योति रानी ने बताया कि सबसे ज्यादा आय प्रमाणपत्र के फार्म अमान्य हुए हैं क्योंकि अधिकतर अभिभावकों ने पुराने आय प्रमाणपत्र लगाए थे।