हरियाणा के अंबाला के मुलाना क्षेत्र के गांव धीन के शूटर सरबजोत सिंह ओलंपिक गेम्स के 10 मीटर एयर पिस्टल इवेंट के फाइनल में क्वालीफाई करने से चूक गए। हालांकि मिक्स प्रतिस्पर्धा में सरबजोत से अभी उम्मीद बरकरार है।
सरबजोत ने खेल की बेहतरीन शुरुआत की थी और चौथे राउंड में सटीक निशाना लगाते हुए परफेक्ट 100 स्कोर किया और शीर्ष के तीसरे स्थान पर आ गया। लेकिन इसके बाद सरबजोत के निशाने सटीक नहीं बैठे और 15 वें नंबर तक खिसक गए।
इसके बाद फिर से फोकस करते हुए 577 अंक प्राप्त कर नौवें नंबर पर पहुंचे, जो कि क्वालीफाई करने के लिए नाकाफी स्कोर साबित हुआ। आठवें नंबर पर रहे जर्मनी के खिलाड़ी रॉबिन वाल्टर और सरबजोत का स्कोर 577 था। सरबजोत ने जर्मन खिलाड़ी को कड़ा मुकाबला दिया, लेकिन उन्होंने सरबजोत के 16 के मुकाबले 17 इनर 10 निशाने लगाए थे। जिसके चलते जर्मनी के खिलाड़ी को क्वालीफाई करार दिया गया। इसके चलते सरबजोत फाइनल मुकाबले के लिए क्वालीफाई नहीं कर पाए।
माता-पिता लेते रहे पल-पल की अपडेट
जैसे-जैसे सरबजोत सिंह निशान लगाने के बाद अंक तालिका में ऊपर नीचे होता, उसी प्रकार गांव धीन में सरबजोत के पिता जतिंदर सिंह और माता हरदीप कौर भी बेचैन व खुश होते नजर आते। सरबजोत के माता पिता ओलम्पिक गेम्स की वेबसाइट पर पल-पल की अपडेट ले रहे थे। उन्हें बार-बार जानकारों व रिश्तेदारों के फोन भी आए, जो कि सरबजोत की प्रतियोगिता का हर अपडेट उन्हें देने का प्रयास कर रहे थे।
अब 29 जुलाई को होगा मिश्रित इवेंट क्वालीफाई मैच
सरबजोत सिंह अब ओलम्पिक में 10 मीटर एयर पिस्टल मिश्रित राउंड के फाइनल क्वालीफाई के लिए 29 जुलाई को निशाना साधेंगे । 29 को क्वालीफाई करने के बाद 30 जुलाई को मिश्रित राउंड का फाइनल होगा, जिसमें सरबजोत द्वारा भारत के लिए मेडल जीतने की उम्मीद कायम है।
पिता जतिंदर सिंह ने कहा कि उनके बेटे का ओलंपिक में जाना किसी सपने के सच होने जैसा है। एकल प्रतियोगिता के क्वालीफाई राउंड में सरबजोत क्वालीफाई नहीं कर पाया, लेकिन आगामी 10 मीटर एयर पिस्टल मिक्स प्रतियोगिता में सरबजोत जरूर वापसी कर क्वालीफाई करेगा और मेडल के साथ वापसी करेगा।