अंबाला। भूमिगत पाइपों को साफ करने के लिए नगर परिषद द्वारा वाहन चलित मशीन खरीदी जाएगी। इस पर लगभग 60 लाख रुपये खर्च होंगे। इस मशीन की मदद से मुख्य बाजारों सहित गली-मोहल्लों में डाली गई भूमिगत पाइप लाइन की सफाई हो सकेगी।
लगातार मिल रही शिकायतों के बाद नगर परिषद ने यह फैसला किया है। बाकायदा इस संबंध में नगर परिषद ने प्रस्ताव भी तैयार किया है जोकि जल्द ही स्वीकृति के लिए मुख्यालय भेजा जाएगा। नगर परिषद ने यह फैसला लगातार मिल रही शिकायतों के आधार पर किया है क्योंकि अंबाला छावनी के अधिकांश हिस्सों में अब खुली नालियों व नालों को बंद करके भूमिगत पाइपें बिछाई जा रही हैं।
जनस्वास्थ्य विभाग से लेते हैं सहयोग
मौजूदा समय में किसी भी भूमिगत पाइप लाइन को साफ करने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग की मदद ली जा रही है। लेकिन विभाग के पास तीन बड़ी मशीनें हैं जो मुख्य सड़कों पर तो आ जाती हैं, लेकिन गली-मोहल्लों में नहीं घुस पाती। इस कारण इन नालियों की सफाई न होने से गंदगी गलियों में जमा हो जाती है जोकि स्थानीय निवासियों के लिए सबसे बड़ी परेशानी बन जाता है।
गोबिंद नगर में भी ऐसे हालात
रिहायशी क्षेत्रों में डाली गई भूमिगत पाइप लाइनें लगभग दो साल बीत जाने के बाद भी साफ नहीं हो पाई हैं। इस कारण बिना बरसात के ही गलियाें में जलभराव रहता है। वहीं दूसरा कारण कुछ नाले बंद हैं, जिनका प्रमुख नालों से मिलान नहीं हो पाया है। इस कारण गंदे पानी की निकासी सही तरीके से नहीं हो रही है। यह हालात अंबाला छावनी के गोबिंद नगर सहित अन्य सुभाष नगर की तरफ जाने वाले रास्ते पर देखे जा सकते हैं।
वर्जन
अधिकांश क्षेत्रों में अब खुली नालियों को बंद करके भूमिगत पाइप लाइन डाल दी गई है और जो कुछ क्षेत्र रह गए हैं, वहां भी यह कार्य पूरा कर लिया जाएगा। इसलिए अब इन पाइप लाइन को साफ करने के लिए एक छोटी मशीन की आवश्यकता है ताकि गली-मोहल्लों में डाली गई पाइपों से पानी की निकासी सुचारु ढंग से हो सके।
मंदीप सिंह, कार्यकारी अभियंता, नप सदर।