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बैक फुट पर शिक्षा विभाग, गलती सुधारी माना पानी गर्म करने से भाप में ही होता है तब्दील

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पानी गर्म करने से बर्फ नहीं बनता बल्कि भाप में ही तब्दील होता है। शिक्षा विभाग ने यह गलती मान ली है। इससे पहले शिक्षा विभाग ने 9वीं के सक्षम वृद्घि पेपर की आंसर की में बताया था कि पानी गर्म करने से बर्फ में तब्दील हो जाता है। खामियों से भरी आंसर-की और किस तरह की गलतियां पेपर में की गई हैं अमर उजाला ने पूरे मामले को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। जैसे ही समाचार प्रकाशित हुआ अधिकारियों ने आनन-फानन में पेपर बनाने वाली एजेंसी को दोबारा आंसर की दुरुस्त करने के आदेश जारी किए। वहीं न केवल आंसर की दुरुस्त की गई बल्कि साइंस, हिंदी, इंग्लिश और गणित चारों पेपर की नई आंसर-की बनाकर दोबारा तीनों जिलों अंबाला, करनाल और कुरुक्षेत्र के शिक्षकों के वाट्सअप ग्रुप में जारी की गई।
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अब दोबारा करनी होगी स्कोरिंग
शिक्षा विभाग ने नई आंसर की जारी करने के साथ यह भी निर्देश जारी कर दिए हैं कि अब सभी पेपरों की स्कोरिंग नई आंसर की के अनुसार दोबारा से की जाए। साथ ही इस कार्य के लिए 3 दिन का अतिरिक्त समय भी दे दिया गया है। पहले इन चारों पेपरों की चेकिंग के बाद स्कोरिंग के लिए 25 नवंबर तिथि तय की गई थी लेकिन अब 28 नवंबर तक स्कोरिंग कर उसे अपलोड करने के आदेश जारी किए गए हैं।
शिक्षकों के लिए जी का जंजाल बना सक्षम वृद्घि टेस्ट
बेशक शिक्षा विभाग ने गलती स्वीकार कर ली लेकिन पूरी प्रक्रिया शिक्षकों के लिए भी जी का जंजाल बन गई है। पुरानी आंसर की के आधार पर जिन्होंने पेपर चेक कर दिए उन्हें अब नए सिरे से पेपर मार्किंग करनी पड़ेगी। इसमें न केवल समय बर्बाद होगा बल्कि विद्यार्थियों की पढ़ाई का भी नुकसान होगा।
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