अंबाला सिटी। जिले में डेंगू के डंक से लगातार मामले बढ़ रहे हैं। बड़ों के साथ बच्चे भी डेंगू का शिकार हो रहे हैं। राजकीय और निजी स्कूलों के कई विद्यार्थी भी बुखार व डेंगू की चपेट में आ चुके हैं, मगर अभी भी कई राजकीय स्कूलों में सफाई नहीं की गई और न ही फॉगिंग करवाई जा रही है।
वहीं, शिक्षा विभाग अधिकारियों का कहना है कि स्कूलों को सफाई करवाने के लिए पत्र लिखकर निर्देश दिए गए हैं। अब दोबारा से उनको लिखा जाएगा। ग्रामीण क्षेत्र की बात करें तो ग्राम पंचायतों को फॉगिंग करवानी चाहिए।
इसी तरह शहरी क्षेत्र में पार्षदों को सफाई कार्य करवाना चाहिए लेकिन न तो पंचायतों की तरफ से फोगिंग को लेकर कार्य किया जा रहा है और न ही पार्षदों की ओर से। इस वजह से लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। जिले की बात करें तो प्राइमरी, मिडिल, उच्च व वरिष्ठ माध्यमिक के 750 से ज्यादा राजकीय स्कूल हैं और 300 से ज्यादा निजी स्कूल हैं।
कई स्कूलों में गंदगी, नहीं हो रही सफाई
कई राजकीय स्कूल तो ऐसे हैं, जहां सफाई व्यवस्था का बुरा हाल है। इस वजह से यहां ज्यादा दिक्कत आती है। ग्रामीण क्षेत्र में ज्यादा दिक्कत है। ज्यादातर स्कूलों में चतुर्थ श्रेणी व सफाई कर्मचारी भी नहीं है। जिससे स्कूलों में सफाई व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है।
वर्जन
इन दिनों वायरल के मामले बढ़ रहे हैं। रोजाना नागरिक अस्पताल में 15 से 20 मरीज बुखार के आ रहे हैं। पांच से लेकर 14 वर्ष तक के बच्चे भी बुखार की चपेट में आ रहे हैं। इसके साथ ही डेंगू की चपेट में भी बच्चे आ रहे हैं। बीते माह से अब तक करीब 15 बच्चे डेंगू की चपेट में आ चुके हैं।
डॉ. सुनील हरि, जिला महामारी नियंत्रक।
वर्जन
सफाई करवाने के बारे में राजकीय स्कूलों को दो बार पत्र लिखा जा चुका है। अगर स्कूलों में सफाई नहीं करवाई जा रही है तो इसको लेकर दोबारा पत्र लिखा जाएगा।
सुरेश कुमार, जिला शिक्षा अधिकारी, अंबाला।