अंबाला सिटी। जिले में डेंगू ने दस्तक दे दी है। इस सीजन में पहले व्यक्ति में डेंगू की पुष्टि हुई है। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने सख्ती और अधिक बढ़ा दी है। फील्ड में काम कर रही टीम को तेजी के साथ घर-घर जाकर लारवा की जांच करने के आदेश दिए हैं। इसके अलावा सभी नागरिक अस्पतालों में विशेष वार्ड बनाने और बेड सहित डेंगू वार्ड में सभी व्यवस्थाएं पूरी करने आदेश जारी किए हैं। अस्पताल डेंगू के इलाज के लिए विशेष टीम गठित करने को कहा गया है, ताकि मरीजों को तुरंत और सही उपचार मिल सके।
डेंगू जांच के लिए लेबोरेट्री को अलर्ट किया गया है, ताकि जल्दी सैंपल लेकर उनकी जांच की जा सके। बता दें कि लारवा की जांच के लिए विभाग की ओर से टीमों का गठन किया गया है। टीमें घर-घर जाकर लारवा की जा कर रही हैं। इसी कड़ी में अभी तक टीम करीब तीन हजार लोगों को नोटिस जारी कर चुकी है। टीम के सदस्य 50 हजार से अधिक घरों में दस्तक देते हुए लारवा की जांच कर लोगों को जागरूक चुके हैं। विभाग की ओर से यह अभियान आगे भी जारी रखा जाएगा।
पिछले वर्ष डेंगू के 600 से अधिक मामलों की हुई थी पुष्टि
पिछले वर्ष अभी तक के सबसे अधिक 600 से अधिक लोगों में डेंगू की पुष्टि हुई थी। यह सरकारी रिकॉर्ड है, जबकि इसके अतिरिक्त बहुत अधिक लोग बीमार हुए थे। हालात यह थे कि सरकारी अस्पतालों में एक-एक बेड पर दो-दो मरीजों को उपचार दिया गया था। ऐसी स्थिति इस बार पैदा न हो, इसको लेकर स्वास्थ्य विभाग की ओर से पहले ही अलर्ट जारी किया गया है।
नहीं शुरू हुई फॉगिंग
डेंगू का नया मामला सामने आने के बाद भी जिले में फोगिंग का कार्य अभी तक शुरू नहीं हुआ है। पिछले वर्ष भी डेंगू का सीजन बीत जाने के बाद जाकर फोगिंग की गई थी। फोगिंग को लेकर स्वास्थ्य विभाग संबंधित विभाग को लिख चुका है, ताकि पहले ही मच्छरों पर कंट्रोल किया जा सके। इसके बावजूद संबंधित विभाग की ओर से कोई कार्रवाई अमल में नहीं लाई गई। अगर यही हालात रहे तो डेंगू को लेकर पहले जैसी स्थिति पैदा हो सकती है।
डेंगू के एक मामले की पुष्टि हुई थी, जो अभी ठीक है। हमारी टीम अभी तीन हजार से अधिक लोगों को लारवा मिलने पर नोटिस दे चुकी है। वहीं, 50 हजार से अधिक घरों की जांच कर चुकी है। अस्पतालों को भी अलर्ट पर रखा गया है।
- कुलदीप सिंह, सीएमओ, अंबाला।