अंबाला सिटी। शहरवासियों को एक समय सुबह जनस्वास्थ्य विभाग से पीने का पानी मिल रहा है। दो दिन से शहर में यह सप्लाई चल रही है। अभी जनस्वास्थ्य विभाग को नहर से आधी सप्लाई ही मिल पा रही है। मंगलवार को जनस्वास्थ्य विभाग के पास टैंकरों की डिमांड भी कम आई।
शहर में 65 हजार घरों में 45 हजार स्वीकृत कनेक्शन हैं। इनमें 90 प्रतिशत उपभोक्ता नहरी पानी पर निर्भर हैं, जबकि निगम में आए गांवों व कुछ शहरी एरिया में भी ट्यूबवेल से पानी सप्लाई हो रहा है। शहर में 79 ट्यूबवेल हैं, सभी ट्यूबवेल पानी की सप्लाई के लिए चलाए जा रहे हैं।
आम दिनों में शहर में उपभोक्ता रोजाना करीब 54 मिलियन लीटर पानी की खपत करते हैं। नरवाना ब्रांच नहर पर जनस्वास्थ्य विभाग की दो मोटर लगी हैं। यह मोटर रोजाना 22 घंटे तक चलती हैं। दोनों मोटर से रोजाना 52.80 मिलियन लीटर पानी टैंक तक सप्लाई होता है। अभी एक ही मोटर 24 घंटे चल रही है। इस मोटर के चलने से जितना पानी टैंक में आता है, उसे ट्रीट करके सीधा शहर में पानी सप्लाई किया जा रहा है। यह पानी एक से डेढ़ घंटे में ही खत्म हो रहा है। वहीं, नहर पर रिपेयर कार्य जोरों पर चल रहा है।
2.20 करोड़ से टैंक जोड़ने का कार्य होगा शुरू
जनस्वास्थ्य विभाग के शहर में तीन वाटर टैंक हैं। अभी तीन में से एक वाटर टैंक ट्रीटमेंट प्लाट से जुड़ा है। अब 2.20 करोड़ से पानी के दो टैंक ट्रीटमेंट प्लांट से जुड़ेंगे। जिससे आपात स्थिति में भी शहर 45 हजार उपभोक्ताओं को नहर से पानी न मिलने पर भी 10 दिन तक आसानी से पानी मिल सकेगा। जो सबसे बड़ा टैंक है, उसकी क्षमता 302 गैलन व दूसरे टैंक की क्षमता 301 गैलन हैं।
अभी नहर से पानी की आधी सप्लाई ही मिल पा रही है। जितना भी पानी स्टोर हो रहा है, उसे ट्रीटमेंट के बाद सीधा सप्लाई किया जा रहा है। मंगलवार को वाटर टैंकरों की डिमांड भी विभाग के पास कम आई। वहीं, जल्द ही वाटर टैंकों को ट्रीटमेंट से जोड़ने का कार्य भी जल्द शुरू होगा।
-कर्णवीर सिंह, कार्यकारी अभियंता, जनस्वास्थ्य विभाग, अंबाला शहर।
ट्यूबवेलों से टैंकरों में पानी भरकर संबंधित क्षेत्रों में भेजा जाएगा : डिंपल
अंबाला कैंट विधानसभा में सुबह 5.30 से सुबह 8.30 बजे एक समय पीने का पानी आएगा। भाजपा पदाधिकारी राजीव डिंपल ने बताया कि ट्यूबवेल चलाकर पानी को स्टोर किया जा रहा है और वह पानी आगे सप्लाई किया जा रहा है। जहां ट्यूबवेल नहीं है, वहां टैंकरों के माध्यम से पानी सप्लाई किया जा रहा है। उन्होंने लोगों से आग्राह किया कि जब तक नहरी पानी की सप्लाई सुचारू रूप से नहीं चलती, तब तक आवश्यकता अनुसार पानी का इस्तेमाल करें।