एक व्यक्ति ने पत्नी की एफडी का स्टेटस जानने के लिए बैंक के कस्टमर केयर पर फोन किया तो उसने वेरिफिकेशन के नाम पर ओपीटी मांगा। इसके बाद उसकी पत्नी के खाते से दो लाख 99 हजार 997 रुपये निकाल लिए गए। इसके बाद उसने बैंक के अधिकारियों और साइबर ब्रांच को शिकायत दी। जांच के बाद कैंट पुलिस ने केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
डीसी रोड निवासी अरविंद कुमार ने एसपी को दी शिकायत में बताया कि निजी बैंक में उसकी पत्नी जयंत कुमारी का अकाउंट है उसने बैंक में ही पत्नी की तीन लाख रुपये की एफडी करवाई थी। करीब दो माह बाद भी बैंक की और से एफडी के कागज नहीं मिले तो वह बैंक में गया और अधिकारियों को इसके बारे में जानकारी दी। इस पर बैंक की ओर से बताया गया कि एफडी के कागजात महाराष्ट्र स्थित बैंक के हेड ऑफिस से आयेंगे। इसके बाद अरविंद ने 6 मई 2021 एफडी का स्टेटस चैक करने के लिए गूगल से बैंक के ग्राहक सेवा का नंबर निकाला और उस नंबर पर कॉल कर एफडी के बारे में पूछताछ की। इसके बाद उस नंबर से वेरिफिकेशन ओटीपी कोड मांगा गया जो उसने दे दिया। नंबर देने के बाद जयंत कुमारी के खाते से तीन बार में 99 हजार 9 सौ 997 रुपये निकल गए। एसपी ने शिकायत को साइबर क्राइम को सौंप दिया। जांच के बाद 1 अक्तूबर को थाना कैंट पुलिस ने केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी।