नारायणगढ़। हिमाचल प्रदेश की सीमा से सटे नारायणगढ़ में नदियां बुधवार को उफान पर रहीं। बारिश के दौरान इस क्षेत्र की नदियों में हिमाचल के पर्वतीय क्षेत्रों से पानी आता है। बुधवार को यहां बेगना नदी में पानी 12.35 बजे 2.80 मीटर व 30846.46 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज था। बेगना में पानी खतरे के निशान से ऊपर जलप्रवाह दर्ज किया गया। जबकि काला आम्ब में मारकंडा में दोपहर 12 बजे गेज 1.90 मीटर पर पानी 10598 क्यूसेक का डिस्चार्ज रहा। जो गत दिवस मंगलवार से अधिक है लेकिन खतरे के निशान से नीचे है।
रूण नदी में शाहपुर क्षेत्र दोपहर 12 बजे गेज 1.8 मीटर पानी, डिस्चार्ज 11440 क्यूसेक था, जोकि मंगलवार से अधिक था। एसडीएम नारायणगढ़ शिवजीत भारती ने सिंचाई विभाग, ग्राम सचिवों और पटवारियों को निर्देश दिए कि वह नदियों में जलस्तर पर नजर रखें और ग्रामीणों को जागरूक करें कि वह नदियों के आसपास न जाएं। पीडब्ल्यूडी विभाग को भी सड़कों, पुल एवं सार्वजनिक भवनों पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि भूमि कटाव या पुलों को खतरे की स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके। नायब तहसीलदार संजीव अत्री एवं बीडीपीओ जोगेश कुमार ने बताया कि बेगना, मारकंडा और रूण नदियों से लगते गांवों के पटवारियों व ग्राम सचिव को निर्देश दिए गए हैं कि वह अपने क्षेत्रों की जानकारी तुरंत प्रशासन को उपलब्ध करवाएं।
भारी बारिश के अलर्ट पर नागरिक सावधानी रखें। खासकर उपमंडल से होकर गुजरने वाली विभिन्न नदियों के किनारे बसे गांव एवं ग्रामीण नदी के पानी के बहाव के लिए सचेत रहें। लोग घर के अंदर ही रहें तथा अनावश्यक आवाजाही, आवागमन से बचें।
-शिवजीत भारती, एसडीएम