अंबाला छावनी स्थित नेताजी सुभाष चंद्र बोस पार्क लाइट से जगमगाता हुआ।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
हरियाणा का जब गठन हुआ उस समय अंबाला को हरियाणा में शामिल किया गया। उस समय से लेकर अब तक अंबाला को कई अभूतपूर्व कला, विकास कार्य व अन्य सौगातें मिली हैं। जब राफेल अंबाला की धरती पर उतरे तो पूरी दुनिया की निगाहें अंबाला पर टिक गई थी। पिछले कुछ सालों में अंबाला की झोली में आई 1800 करोड़ रुपये के विकास कार्यों की सौगातों ने भी अंबाला को हरियाणा के पटल पर एक नया आयाम दिया है।
इसके अलावा एयर कनेक्टिविटी से जोड़ने के लिए घरेलू एयरपोर्ट निर्माण की परियोजना के लिए जमीन फाइनल की जा चुकी है। जल्द ही 10 एकड़ जमीन सिविल एविएशन विभाग को मिलेगी। इसके बाद अंबाला से श्रीनगर व लखनऊ के लिए उड़ान शुरू होंगी। जीटी रोड पर 22 करोड़ रुपये की लागत से रीजनल साइंस सब सेंटर व म्यूजियम का निर्माण किया जा रहा है।
यह भी पढ़ें ः युवा महापंचायत: युवाओं ने किसान आंदोलन में भरा जोश, हर गांव, ब्लॉक व जिला स्तर पर बनाई जाएंगी यूथ की टीम
लगभग 25 करोड़ रुपये की लागत से कैंट में 130 धर्मशालाओं का निर्माण किया जा चुका है। करीब 40 किलोमीटर लंबी रिंग रोड परियोजना निर्माण के लिए डीपीआर तैयार की जा रही है। पांच हाईवे को जोड़ने वाली रिंग रोड परियोजना से अंबाला को जाम से मुक्ति मिलेगी। शहर में दाखिल हुए बिना ही वाहन बाहर से निकल जाएंगे। इस परियोजना के लिए 1500 करोड़ रुपये मंजूर किए जा चुके हैं। इसके अतिरिक्त करोड़ों रुपये की कई परियोजनाएं पूरी होने वाली हैं।