घर पहुंचने पर नाजिया ने जब जेवर चेक किया तो पर्स से गायब था। उसने शोरूम पर ही संदेह कर लिया और फिर वहां पहुंच गई। बाद में पुलिस पहुंची और केस दर्ज कर जांच में जुटी। एसपी ने बताया कि राजघाट और कैंट पुलिस संयुक्त रूप से काम कर रही थी, लेकिन जटेपुर चौकी इंचार्ज धीरेंद्र राय ने 42 से अधिक सीसी टीवी कैमरों को खंगाला। फिर संदेह के आधार पर जेल से छूटी महिला के नंबर का सर्विलांस से लोकेशन चेक कर उस तक पहुंच गए।
संदेह के आधार पर हिरासत में लेते ही महिला ने सच बता दिया। कहा कि कुछ जेवर को उसने नेपाल में बेच दिया है। पुलिस ने महिला के पास से चोरी का बड़ा हार, दो कान के झुमके और बेचकर मिले 4500 रुपये बरामद कर लिए। एसपी ने बताया कि चौकी इंचार्ज को एसएसपी की ओर से बेहतरीन काम के लिए दस हजार रुपये का इनाम दिया गया है।
श्वेता पहली बार शाहपुर थाने से 2019 में जेल गई थी। तब भी उसने यात्री बनकर चोरी की थी। इसके बाद कैंट से 2021, 2022 में जेल गई। वह चौथी बार इस तरह के मामले में पकड़ी गई है। एसपी ने बताया कि वह अकेले ही वारदात को अंजाम देती है। पकड़ी न जाए इसलिए बुर्का पहन लेती है। अकेले वारदात के पीछे उसका तर्क है कि कोई उस पर शक न करें, इसलिए किसी को साथ नहीं रखती है।