उत्तर प्रदेश के महराजगंज जिले के फरेंदा तहसील के धानी ब्लाक के कानापार वार्ड संख्या एक से चार पर हो रहे क्षेत्र पंचायत सदस्य के चर्चित चुनाव में फरेंदा विधायक बजरंग बहादुर सिंह के भाई की पत्नी सरिता सिंह चुनाव हार गईं हैं। इस सीट से पूर्व प्रधान गोपाल सिंह विजयी हुए हैं। इस क्षेत्र में प्रधानी व जिला पंचायत से अधिक रोमांचक चुनाव इस क्षेत्र से पंचायत सदस्य का था। जिसे ब्लाक प्रमुखी से जोड़कर देखा जा रहा था। मतगणना के बाद विजयी गोपाल सिंह को 531 मत मिले, जबकि सरिता सिंह को 354 मतों से ही संतोष करना पड़ा।
जीत की खुशी पर भारी पड़ा बेटे के मौत का गम
जिले के फरेंदा ब्लाक के सोहरवलिया खुर्द गांव का रिजल्ट देखने के लिए पूरे क्षेत्र की निगाह जमी थी। क्योंकि चुनावी रंजिश को लेकर मारपीट में एक प्रत्याशी के बेटे की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। रविवार को मतगणना के बाद चुनाव परिणाम सामने आया। इसमें मातम वाले परिवार के सदस्य के सिर लोगों ने जीत का सेहरा पहना दिया। वहीं भतीजे की मौत के गम के आगे जीत की खुशी बेरौनक नजर आई।
प्रधान पद पर चुनाव में तो कई लोग लड़े थे। सोहरवलिया खुर्द का टोला परसोइया से दो लोग मैदान में थे। इसमें एक पक्ष के परिवार के सदस्य दस वर्ष से प्रधान की कुर्सी पर कब्जा था। इस बार निवर्तमान प्रधान शहाबुद्वीन ने अपने भाई मकसूद को चुनाव मैदान में उतारा। इनके खिलाफ पट्टीदारी के सबरे आलम ने अपने भाई हसाबुद्वीन का प्रधान पद का पर्चा भरवा दिया। दोनों पक्ष दमदारी से चुनाव लड़े।