- भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी मतदाता पहचान पत्र
- आधार कार्ड
- पासपोर्ट
- ड्राइविंग लाइसेंस
- आयकर पहचान पत्र
- राज्य-केंद्र सरकार, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों, स्थानीय निकायों तथा पब्लिक लिमिटेड कंपनियों द्वारा कर्मचारियों को जारी फोटोयुक्त पहचान पत्र
- सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक-पोस्ट ऑफिस द्वारा जारी फोटोयुक्त पासबुक
- फोटोयुक्त पेंशन अभिलेख, भूतपूर्व सैनिक पेंशन बुक, पेंशन भुगतान आदेश, वृद्धावस्था पेंशन
- फोटोयुक्त स्वतंत्रता संग्राम सेनानी पहचान पत्र
- फोटोयुक्त शस्त्र लाइसेंस
- फोटोयुक्त शारीरिक रुप से अशक्त होने का प्रमाण पत्र
- श्रम मंत्रालय की योजना के तहत जारी स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड
- राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (एनपीआर) के तहत रजिस्टर जनरल ऑफ इंडिया द्वारा जारी स्मार्ट कार्ड
- सांसद, विधायकों, विधान परिषद सदस्यों को जारी किए गए सरकारी पहचान पत्र
- राशन कार्ड
सार्वजनिक अवकाश रहेगा, बंद रहेंगी दुकानें
जिला निर्वाचन अधिकारी व डीएम कृष्णा करूणेश ने बताया कि मतदान वाले दिन सार्वजनिक अवकाश रहेगा। दुकानें और वाणिज्यिक अधिष्ठान बंद रहेंगे।
नगर निकाय चुनाव में मेयर, पार्षद, नगर पंचायत अध्यक्ष व सदस्य के उम्मीदारों में से ज्यादातर ने सोमवार को प्रधारी अधिकारी निर्वाचन व्यय लेखा/मुख्य कोषाधिकारी के पास चुनावी खर्च का हिसाब नहीं दिया। इस संबंध में प्रशासन की तरफ से सभी उम्मीदवारों को सोमवार को सुबह 10 बजे से शाम पांच बजे तक जिला पंचायत सभागार में उपस्थित होकर अब तक के चुनावी खर्च का ब्यौरा उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया था। मगर तय समय पर गिनती के कुछ उम्मीदवारों को छोड़ ज्यादातर आए ही नहीं।
मुख्य कोषाधिकारी ने बताया कि सभी उम्मीदवार, आठ मई 2023 को खर्च का ब्यौरा उपलब्ध कराना जरूरी है। दरअसल विधानसभा और लोकसभा चुनाव में खर्च का ब्यौरा नहीं उपलब्ध कराने पर अगले चुनाव में उम्मीदवारी प्रतिबंधित कर दी जाती है मगर निर्वाचन कार्यालय के मुताबिक नगर निकाय चुनाव में ऐसी सख्ती का प्रावधान ही नहीं है। ब्यौरा नहीं देने वालों की सिर्फ जमानत राशि जब्त करने का नियम है। यही वजह है कि तमाम प्रत्याशी इसे गंभीरता से नहीं ले रहे।