दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. राजेश सिंह द्वारा कुलसचिव डॉ. ओमप्रकाश को हटाने के निर्णय को शासन ने गलत ठहराया है। साथ ही आदेश को वापस लेते हुए कुलसचिव को उनके पद पर पदस्थापित करने को कहा है। शासन के विशेष सचिव अब्दुल समद ने 15 अप्रैल को कुलपति को संबोधित पत्र लिखा है।
पत्र में कहा गया है कि मुझे यह कहने का निर्देश हुआ है कि कुलसचिव डॉ. ओमप्रकाश को विश्वविद्यालय कुलसचिव के पद से कार्यविरत कर अपना योगदान विश्वविद्यालय के एचआरबीसी सेंटर में देने का निर्णय दिया गया है। यह निर्णय उत्तर प्रदेश राज्य विश्वविद्यालय (केन्द्रीयित) सेवा नियमावली 1975 यथा संशोधित के नियम 21 तथा नियम-25 में राज्य सरकार को प्रदत्त शक्तियों का अतिक्रमण तथा कुलपति की अधिकारिता के परे है।
डॉ. ओमप्रकाश को कुलसचिव के पद से हटाते हुए प्रो. अजय सिंह को कुलसचिव का प्रभार दिया जाना विधि विरुद्ध है। आपके आदेश में डॉ. ओमप्रकाश के विरुद्ध शासन को पत्र प्रेषित किए जाने तथा इस परिप्रेक्ष्य में विश्वविद्यालय हित में निर्णय लेते हुए कारण बताओ नोटिस के विषयों पर एक जांच गठित किए जाने का भी उल्लेख है। अभी तक यह पत्र शासन को प्राप्त नहीं हुआ है। विशेष सचिव ने कुलपति से यह भी कहा है कि कुलसचिव के खिलाफ सुसंगत नियमों के अंतर्गत कार्यवाही करते हुए आवश्यकतानुसार प्रकरण शासन को यथोचित कार्यवाही के लिए संदर्भित कर सकते हैं।