गोरखपुर। रोडवेज के चालक-परिचालक दो साल से वर्दी के 1700 रुपये मिलने का इंतजार कर रहे हैं। जनवरी 2024 में उन्हें वर्दी के लिए रकम मिली थी, इसके बाद भुगतान नहीं हुआ। रकम नहीं मिलने से कई चालक-परिचालक वर्दी नहीं बनवा सके हैं और बिना वर्दी के ही ड्यूटी कर रहे हैं। इससे यात्रियों के बीच उनकी पहचान को लेकर भी स्थिति स्पष्ट नहीं रहती। गोरखपुर परिक्षेत्र में 1048 बसों का संचालन होता है। इन बसों पर तैनात चालक और परिचालकों के लिए वर्दी में ड्यूटी करना नियम है। वर्दी से यात्री आसानी से चालक-परिचालक की पहचान कर पाते हैं। इसके बावजूद वर्तमान में कई कर्मचारी बिना वर्दी के ड्यूटी करते नजर आते हैं। हालांकि कुछ कर्मचारियों के पास वर्दी उपलब्ध है लेकिन वे उसे पहनकर ड्यूटी नहीं करते हैं।
रोडवेज में चालक-परिचालकों को वर्दी के लिए 1700 रुपये दिए जाने का प्रावधान है। समय से रकम मिलने पर कर्मचारी निर्धारित वर्दी तैयार कराकर ड्यूटी कर सकते हैं। दो साल से भुगतान नहीं होने के कारण कर्मचारियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।