गोरखपुर जिले के शाहपुर इलाके में शनिवार रात युवक से 13 हजार रुपये की लूट फिर गीता वाटिका के पास एक अन्य युवक से रंगदारी मांगने के तीनों आरोपियों को पुलिस ने रविवार को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के पास से पुलिस ने लूटे गए 85 सौ रुपये, तमंचा व नुकीला हथियार किया। सभी को पुलिस ने कोर्ट में पेश कर जेल भिजवा दिया।
जांच में पता चला कि पकड़ा गया आरोपी मैनुद्दीन पहले भी रंगदारी मांगने में जेल गया था। 15 दिन पहले ही जमानत पर बाहर आया है। वह आवास विकास कॉलोनी, शाहपुर का निवासी है, जबकि उसका साथी इमरान अंसारी, मोहम्मद जैद घोषीपुरवा के रहने वाले हैं।
इंस्पेक्टर रणधीर मिश्रा ने बताया कि फर्टिलाइजर निवासी करन मिश्रा पादरी बाजार में स्थित अस्पताल में भर्ती पिता के पास जा रहे थे। उनकी जेब में 13 हजार रुपये थे। रास्ते में बाइक सवार तीन बदमाशों ने झपट्टा मारकर मोबाइल फोन लूटने की कोशिश की, लेकिन हाथ नहीं आया तो रुक गए। तभी युवक का पर्स नीचे झुकने की वजह से जेब से बाहर आ गया था।
बदमाश रुपये से भरा पर्स लूटकर फरार हो गए। इसके कुछ देर बाद ही बदमाशों ने गीता वाटिका के पास कौस्तुभ सिंह नाम के युवक को रोक लिया और नुकीला हथियार सटाकर रंगदारी मांगने लगे। धमकी दी कि रुपये नहीं देने पर जान से मार देंगे।
भीड़ होने पर आरोपी फरार हो गए। दोनों ही मामलों में केस दर्ज कर पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी थी। इसी बीच मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने आरोपियों को डेयरी कॉलोनी से रविवार को गिरफ्तार कर लिया।
स्कूल के बच्चों से रंगदारी वसूलने में जेल गया था मैनुद्दीन
पुलिस के मुताबिक, शाहपुर इलाके में स्कूल के बच्चों से रंगदारी वसूलने के आरोप में मैनुद्दीन जेल जा चुका है। उसके खिलाफ 15 गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं, जिसमें हत्या की कोशिश, लूट, आर्म्स एक्ट, चोरी शामिल है। इसके अलावा वह थाने का गैंगस्टर भी है। इमरान अंसारी पर भी छह मुकदमे दर्ज हैं। जैद पर एक मुकदमा दर्ज है।