गोरखपुर। सर्राफा कारोबारी हनुमान वर्मा के 10 वर्षीय बेटे वैभव वर्मा के अपहरण और हत्या के मामले में खजनी पुलिस ने मुख्य आरोपी सर्वेश उर्फ बिट्टू शर्मा के परिवार के चार अन्य सदस्यों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस का दावा है कि विवेचना के दौरान मिले साक्ष्यों के आधार पर चारों की भूमिका अपहरण और हत्या की साजिश में सहयोग करने की सामने आई है।
गिरफ्तार आरोपियों में मुख्य आरोपी सर्वेश उर्फ बिट्टू शर्मा के पिता हरिनारायण शर्मा, बड़े भाई सत्येंद्र कुमार भट्ट उर्फ जिले, पत्नी अनामिका शर्मा और भाई सतीश शर्मा की पत्नी बबली शर्मा शामिल हैं। पुलिस ने सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया। एसपी साउथ दिनेश कुमार पुरी ने बताया कि जांच में मिले साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की भूमिका मुख्य आरोपी की मदद करने और अपराध की साजिश में सहयोग करने के रूप में सामने आई है। खजनी थानाध्यक्ष जयंत कुमार सिंह ने बताया कि मामले की विवेचना अभी जारी है। घटना से जुड़े अन्य पहलुओं और इसमें शामिल लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
''''काश उसे रोक लिया होता...'''', दादी की टीस से नम हुईं आंखें
उनवल। खजनी कस्बे के सर्राफा कारोबारी हनुमान वर्मा के 10 वर्षीय पुत्र वैभव वर्मा के अपहरण के बाद हत्या की घटना से पूरा क्षेत्र गम और आक्रोश में है। घटना के चौथे दिन भी पीड़ित परिवार के घर लोगों का पहुंचना जारी रहा। घर और आसपास के क्षेत्र में सुरक्षा के लिए पुलिस बल तैनात रहा। मां का साया पहले ही उठ जाने के बाद वैभव अपनी दादी द्रौपदी वर्मा के सबसे करीब था। घर का सबसे छोटा और चंचल सदस्य होने के कारण वह सभी का दुलारा था। उसकी मासूम मुस्कान और व्यवहार को याद कर परिजनों की आंखें भर जा रही हैं। दादी द्रौपदी वर्मा बार-बार एक ही बात कहकर बिलख उठती हैं। वह रोते हुए कह रही थीं कि ''''काश, मैंने उसे जबरदस्ती रोक लिया होता तो आज मेरा लाल मेरे पास होता''''। परिजन के अनुसार, घटना वाले दिन वैभव घर से निकल रहा था तो दादी ने उसे पहले खाना खाने के लिए कहा था। इस पर उसने मुस्कराते हुए कहा था कि अभी आता हूं और अपनी छोटी साइकिल लेकर घर से निकल गया। किसी को अंदाजा नहीं था कि ऐसा कुछ हो जाएगा। वैभव के घर पर लगातार लोगों का आना-जाना लगा हुआ है। सांत्वना देने पहुंच रहे लोग भी दादी की पीड़ा देखकर भावुक हो जा रहे हैं। पूरे कस्बे में घटना को लेकर शोक और आक्रोश का माहौल है।
विधायक बोले- दोषियों पर कराई जाएगी कड़ी कार्रवाई
उनवल। वैभव वर्मा हत्याकांड के बाद पीड़ित परिवार को सांत्वना देने के लिए जनप्रतिनिधियों, व्यापारियों और सामाजिक संगठनों के लोगों का पहुंचना जारी है। सभी ने दिवंगत वैभव को श्रद्धांजलि देकर परिवार को न्याय का भरोसा दिलाया। दोपहर बाद खजनी विधायक श्रीराम चौहान और सहजनवां विधायक प्रदीप शुक्ला पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे। उन्होंने परिजन को ढांढस बंधाते हुए घटना को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताया। विधायकों ने कहा कि दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई कराई जाएगी।
दो दिन बाद खुला बाजार, हर जुबान पर वैभव हत्याकांड की चर्चा
उनवल। वैभव वर्मा हत्याकांड के विरोध और शोक के चलते बंद रहा बाजार दो दिन बाद खुला लेकिन सामान्य रौनक लौट नहीं सकी। पूरे बाजार में दिनभर सिर्फ वैभव की हत्या की चर्चा होती रही। घटना को लेकर व्यापारियों और स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। दुकानों पर पहुंचने वाले लोग घटना की जानकारी और पुलिस कार्रवाई को लेकर चर्चा करते नजर आए। व्यापारियों का कहना है कि मासूम बच्चे के साथ हुई इस घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया है। लोगों ने आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की है। दिनभर बाजार में लोगों का आना-जाना लगा रहा लेकिन हर चेहरे पर घटना का दर्द साफ दिखाई दिया।