प्राथमिक विद्यालय बेलवा खुर्द घुघली प्रधानाध्यापक विमलेश गुप्ता ने बताया कि व्हाट्सएप के माध्यम से स्टडी ग्रुप बनाया। इस ग्रुप में मैंने अपने स्टाफ एवं बच्चों को जोड़ा। बच्चों की पढ़ाई को जारी रखा। ग्रुप के माध्यम से ही मैंने टेस्ट भी लिया। कोरोना काल में भी बच्चों को बेहतर ढंग से शिक्षा देने की हर संभव कोशिश हुई। देश के लोकप्रिय प्रधानमंत्री की वो बात 'आपदा को अवसर में बदलना है' को मैंने अपने संज्ञान में लेते हुए बच्चों कि पढ़ाई को डिजिटल माध्यम के जरिए बनाए रखा।
प्राथमिक विद्यालय शेषपुर क्षेत्र सिसवा के प्रभारी प्रधानाध्यापक सत्यवान दुबे ने कोरोना काल में व्हाट्सएप के माध्यम से करीब 40 बच्चों को पढ़ाया। सामुदायिक सहयोग से एलईडी खरीदकर स्मार्ट क्लास चलाया गया। प्रार्थना, योगा आदि गतिविधियां संचालित होती रहती है। स्कूल में स्वच्छता की सराहना अधिकारी भी कर चुके हैं। सत्यावान दुबे ने बताया कि चुनौतियों के बीच बच्चों को नई तकनीकी के माध्यम से शिक्षा देने का हर संभव प्रयास किया जा रहा है।
प्राथमिक विद्यालय सियरहीभार प्रधानाध्यापक मुकेश मणि त्रिपाठी ने सकारात्मक सोच से ग्रामीणों के बीच प्राथमिक विद्यालय को विश्वास का केंद्र बना दिया है। विद्यालय में पौधरोपण, सुंदर व ज्ञानवर्धक चित्रकारी का निर्माण, स्वच्छता हेतु कूड़ेदान की व्यवस्था, सांस्कृतिक कार्यक्रमों हेतु परिधान एवं पुस्तकालय की स्थापना से विद्यालय शैक्षणिक माहौल प्रदान किया। उन्होंने बताया कि वैश्विक महामारी कोरोना काल में विद्यालय के द्वारा ऑनलाइन शिक्षण से विद्यार्थियों को शिक्षा से जोड़े रखने का प्रयास किया गया।