गोरखपुर। साहब! बहू और पोती पिटाई करती हैं। मेरे गहने और रुपये भी हड़प लिए हैं, बचा लीजिए। चौंकाने वाला यह मामला गोरखनाथ इलाके का है। आरोप है कि बहू ने पहले सास की पिटाई कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया, फिर खुद थाने पहुंचकर सास पर उत्पीड़न का आरोप लगाया। घर पहुंची पुलिस सास को घायल देखकर दंग रह गई। अब पुलिस ने 72 वर्षीय सास की तहरीर पर बहू और उसकी बेटी पर मारपीट कर गंभीर रूप से घायल करने और धमकी देने की धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक, राजेंद्रनगर निवासी फूलमती देवी पत्नी स्व. शिवशंकर सिंह ने केस दर्ज कराया है। उनका कहना है कि मंगलवार की रात में बहू पिंकी सिंह, अपनी बेटी के साथ मिलकर मारपीट करने लगी। चोट लगने से हाथ से खून बहने लगा और वह गिर गईं। इसके बाद बेटा बचाने आया तो उसके ऊपर भी चाकू और डंडे से हमला कर दिया, फिर बहू अपने भाई के साथ मायके चली गई।
थोड़ी ही देर बाद वह थाने पहुंच गई और सास पर उत्पीड़न का आरोप लगाया। पुलिस घर पहुंची तो वहां मामला उल्टा नजर आया। यह भी पता चला कि बहू घर से चार लाख रुपये के गहने भी ले गई। सास का आरोप है कि इस अवस्था में वह ठीक से चल भी नहीं पाती हैं। उनके साथ मारपीट की जा रही है। पुलिस केस दर्ज कर जांच कर रही है।
मेरा बेटा करता है पिटाई, छीन लेता है रुपये
एम्स क्षेत्र की 73 वर्ष की शारदा देवी व्हीलचेयर के सहारे चलती हैं। उनका कूल्हा टूट चुका है। उन्होंने पुलिस को प्रार्थनापत्र देकर बताया है कि उनके दो बेटे हैं। दोनों दुकान करते हैं। छोटा बेटा सजावट की तो बड़ा बेटा शृंगार की दुकान करता है। कुछ वर्ष पहले छोटे बेटे ने मारपीट कर गांव वाले घर से निकाल दिया। मजबूरी में वह बड़े बेटे के साथ रह रही हैं। कहा कि किसी तरह से उन्हें उनके घर में भिजवाइए। ससुराल पहुंचने पर वह पहली बार उसी घर में आई थीं।
केस-2
बूढ़ी मां को पीटकर निकाला
गोरखनाथ के लच्छीपुर की महिला ने बेटे के विरुद्ध तहरीर देकर केस दर्ज कराया है। बताया कि बेटा नशे का आदी है। उन्हें और पिता को मारता-पीटता है। बचाने के लिए किरायेदार आते हैं तो उन्हें भी गाली देता है। पीड़िता ने बताया कि वह अपनी पत्नी को भी छोड़ चुका है। कोर्ट में दोनों का मामला चल रहा है। तीन अक्टूबर को पति को पीट रहा था। बचाने गई तो उन्हें भी पीटा। बेटे से खतरा लग रहा है कि कहीं वह मां-बाप की हत्या न कर दें।
बेसहारा बुजुर्गों के लिए नया सवेरा योजना चला रही पुलिस
पुलिस बेसहारा बुजुर्गों के लिए नया सवेरा योजना चला रही है। इसके तहत वह उनका पंजीकरण करा रही है। सरकार व पुलिस का उद्देश्य बेसहारा बुजुर्गों को सहारा देना है। डायल 112 पर फोन करने पर पुलिस घर पहुंचती है और हरसंभव मदद करती है। कानूनी मदद भी मुहैया कराई जाती है। पुलिस महीने में एक बार उनका हालचाल भी लेती है। बावजूद इसके बुजुर्गों की प्रताड़ना के मामले कम नहीं हो रहे हैं। पुलिस ने नया सवेरा योजना के तहत जिले में 15 हजार 121 वरिष्ठ नागरिकों की संख्या है। इनमें महज 2470 लोग ही इस योजना से जुड़े हैं। इसमें भी पुलिस का दावा है कि उसने अब तक 36 वरिष्ठ नागरिकों की सहायता की है।